सेहत को नुकसान भी पहुंचा सकता है नींबू पानी, जानिए कैसे

06 जनवरी 2019   |  मिताली जैन   (32 बार पढ़ा जा चुका है)

सेहत को नुकसान भी पहुंचा सकता है नींबू पानी, जानिए कैसे  - शब्द (shabd.in)

नींबू की गिनती एक स्वास्थ्यवर्धक पेय पदार्थ में की जाती है। अगर कोई बढ़ते वजन से परेशान है तो उसे सुबह उठकर खाली पेट नींबू पानी पीने की ही सलाह दी जाती है। जहां नींबू में मौजूद विटामिन सी इम्युन सिस्टम को मजबूत बनाने के साथ अन्य कई तरह के लाभ प्रदान करता है। अक्सर देखने में आता है कि लोग इसके लाभों को ध्यान में रखते हुए इसका सेवन दिन में कई बार करते हैं। लेकिन क्या आप इस बात से वाकिफ हैं कि अगर इसका सेवन आवश्यकता से अधिक किया जाए तो इससे कई तरह के नुकसान भी झेलने पड़ सकते हैं। तो चलिए जानते हैं नींबू पानी से होने वाले नुकसानों के बारे में-


पेट पर प्रभाव


एक बात आप अच्छी तरह समझ लें कि किसी भी चीज की अति क्षति का कारण बनती है और यही नियम नींबू पानी पर भी लागू होता है। जहां एक ओर नींबू पानी का सेवन बढ़े हुए पेट को कम करने का काम करता है, वहीं दूसरी ओर यह पेट खराब होने का कारण भी बन सकता है। दरअसल, इसके सेवन से शरीर में खाना पचाने वाले एसिड की मात्रा बढ़ जाती है और पेट में दर्द व जलन की समस्या होती है। बेहतर होगा कि नींबू पानी का सेवन सीमित मात्रा में ही किया जाए।


एसिडिटी व सीने में जलन


जब व्यक्ति को हैवीनेस का अहसास होता है, तो वह लाइट फील करने के लिए नींबू पानी का सेवन करता है। लेकिन कभी-कभी यही नींबू पानी एसिडिटी व सीने में जलन की वजह भी बन जाता है। ऐसा नींबू में मौजूद एसिड के कारण होता है। चूंकि नींबू पानी पाचन क्रिया पर प्रभाव डालता है और इसलिए इसका सेवन एसिडिटी व गैस की समस्या को बढ़ावा देता है।


दांतों की क्षति


दांतों के पीलेपन से निजात पाने के लिए नींबू के छिलके को दांतों पर रगड़ते हैं और इसके प्रयोग से दातों में चमक भी आती है। लेकिन वहीं दूसरी ओर, नींबू पानी के अत्यधिक सेवन का सबसे बड़ा नुकसान भी दांतों को ही पहुंचता है। दरअसल, नींबू के पानी में सिटस एसिड पाया जाता है जो दांतों की बाहरी परत के लिए नुकसानदेह होता है। अगर इसका सेवन ज्यादा किया जाए तो इससे टूथ एनमल कमजोर हो जाता है।


बढ़ाए हेल्थ प्राॅब्लम


कई तरह की हेल्थ प्राॅब्लम में नींबू पानी का सेवन न करने की सलाह दी जाती है। मसलन, अगर किसी को माइग्रेन है या फिर अस्थमा की शिकायत है तो उसे नींबू पानी का सेवन बेहद सोच-समझकर करना चाहिए क्योंकि नींबू पानी उनकी समस्या को बढ़ा सकता है। वहीं अगर किसी व्यक्ति को मुंह में छाले या हल्के घाव हैं, उनके लिए नींबू पानी का सेवन काफी पीड़ादायी हो सकता है। नींबू में मौजूद साइट्रिक एसिड न सिर्फ आपके घावों को बढ़ाएगा बल्कि इससे घाव या छालों के बढ़ने की समस्या भी हो कसती है। इसलिए हमेशा पहले मुंह के घाव या छालों को पूरी तरह ठीक होने दें।


हो सकती है मतली या उल्टी


यह तो हम सभी जानते हैं कि नींबू में विटामिन सी पाया जाता है जो शरीर के लिए एक आवश्यक विटामिन है। लेकिन वहीं अगर दूसरी ओर, इस विटामिन की शरीर में अधिकता हो जाए तो इससे मतली या उल्टी की समस्या पैदा हो सकती है। इसलिए नींबू पानी का सेवन करें लेकिन इसकी मात्रा का भी ध्यान रखें।


लगातार आता पेशाब


कुछ लोग अपने वजन को कम करने या बाॅडी को डिटाॅक्स करने के चक्कर में एक दिन में कई गिलास नींबू पानी का सेवन कर लेते हैं। लेकिन ऐसा करने पर व्यक्ति को बार-बार बाथरूम जाने की शिकायत होती है और जब व्यक्ति बार-बार पेशाब आता है तो इससे बाॅडी डिहाइडेट हो जाती है। दरअसल, नींबू पानी के माध्यम से शरीर में अतिरिक्त पानी जमा हो जाता है और जब आप मूत्रत्याग करते हैं तो शरीर से इलेक्ट्रोलाइट्स और सोडियम भी बाहर निकल जाते हैं। जो कई बार शरीर के निर्जलीकरण का कारण बनता है।


शरीर में अधिक लौह तत्व


शरीर में आयरन के अब्जार्बशन के लिए विटामिन सी की आवश्यकता होती है। लेकिन जब अधिक नींबू पानी का सेवन करने से शरीर में विटामिन सी की अधिकता होती है तो इससे आयरन का अवशोषण भी अधिक होने लगता है। इस प्रकार नींबू पानी का अधिक सेवन शरीर में विटामिन सी के साथ-साथ आयरन की अधिकता का कारण भी बनता है जो स्वास्थ्य के लिए हितकर नहीं है। आयरन की अधिकता शरीर के आंतरिक अंगों को नुकसान पहुंचा सकती है।


स्किन कैंसर का खतरा


अत्यधिक नींबू पानी का सेवन स्किन के लिए भी अच्छा नहीं माना जाता। कुछ अध्ययन बताते हैं कि अधिक मात्रा में नींबू के रस या अन्य खट्टे फलों का सेवन करने से मेलेनोमा नामक स्किन कैंसर का खतरा कई गुना तक बढ़ जाता है। ऐसे में यह आवश्यक हो जाता है कि नींबू पानी का सेवन सीमित मात्रा में ही किया जाए। साथ ही कभी भी स्किन पर नींबू के रस को अप्लाई करके बाहर नहीं निकलना चाहिए। नींबू में मौजूद रासायनिक तत्व जब धूप के संपर्क में आते हैं तो इससे स्किन पर काले धब्बे व सनबर्न होने की संभावनाएं कई गुना तक बढ़ जाती है।


कमजोर होती हड्डियां


अगर आप चाहते हैं कि आपकी हड्डियों की डेंटिसिडी लंबे समय तक बनी रहे तो नींबू पानी के सेवन को सीमित करें। इनका आवश्यकता से अधिक सेवन हड्डियों पर भी विपरीत प्रभाव डालता है। ऐसा इसमें मौजूद एसिड के कारण होता है।


किडनी स्टोन का खतरा


आपको शायद पता न हो लेकिन नींबू पानी का आवश्यकता से अधिक सेवन किडनी में स्टोन पैदा कर सकता है। दरअसल, नींबू पानी में सिट्रस एसिड के साथ-साथ आॅक्सलेट पाया जाता है और जब इसका सेवन अधिक किया जाता है तो यह तत्व शरीर में क्रिस्टल के रूप में इकट्टा होने लगता है और व्यक्ति को किडनी में स्टोन की समस्या का सामना करना पड़ता है।


अगला लेख: संतरे के छिलकों को ना करें फेकने की भूल, होंगे यह नुकसान



शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
01 जनवरी 2019
महामारी की तरह फैलता मोटापा आज हर घर को अपनी चपेट में ले चुका है। आमतौर पर लोग इसे शिकस्त देने के लिए कई तरीके अपनाते हैं लेकिन अधिकतर उनके हाथ निराशा ही लगती है। ऐसे में अगर आप घर पर रहकर ही वजन कम weight loss करने की चाह रखते हैं तो एक्सरसाइज के साथ-साथ भोजन पर भी ध
01 जनवरी 2019
18 जनवरी 2019
आज की भागदौड़ भरी जिन्दगी में जब हर व्यक्ति किसी न किसी कारणवश तनाव में रहता है तो उसका सीधा असर स्वास्थ्य पर पड़ता है। यही तनाव व्यक्ति को बीमार या यूं कहें कि बहुत बीमार बनाने के लिए काफी है। दवाईयों के सहारे खुशहाल जीवन नहीं व्यतीत किया जा सकता। इसलिए इन सभी परेशानियों से बचने का एक आसान और असरदार
18 जनवरी 2019
15 जनवरी 2019
सर्दियों में लोग संतरे का सेवन काफी अधिक मात्रा में करते हैं, लेकिन अक्सर देखने में आता है कि संतरा खाने के बाद लोग इसके छिलके को यूंही बाहर फेंक देते हैं| पर क्या आप इस बात से वाकिफ हैं कि संतरे की ही तरह उसके छिलके भी सेहत व सौंदर्य दोनों के लिए बेहद लाभदाई होते हैं| तो चलिए आज हम आपको संतरे के
15 जनवरी 2019
31 दिसम्बर 2018
2013 savita doosara bhag होली के रंग जीवन के संग। सर में पड़ा सूखारंग, नहाते वक्त ही बताता है कि मै कितना चटकीला हूँ। पानी की धार के साथ शरीरके हर अंग मे अपनी दस्तक की खबर के तार को बिछाता। उस समय यह अनुमान लगाना मुश्किलहो जाता है कि यह किसका रंग हैं? फाल्गुन का महिना आधा होचला था। चटकीले रंग फीके हो
31 दिसम्बर 2018
02 जनवरी 2019
वर्तमान समय में, बच्चे जिस तरह का लाइफस्टाइल जी रहे हैं, उसका सबसे बुरा प्रभाव उन्हीं की हेल्थ पर देखने को मिल रहा है। माॅडर्न युग के बच्चे घर के बने हेल्दी फूड के स्थान पर नूडल्स, बर्गर, पिज्जा आदि खाना ज्यादा पसंद करते हैं। ऐसे में उनका शारीरिक व मानसिक विकास बाधित होने लगा है। अगर आपके घर में भी
02 जनवरी 2019
20 जनवरी 2019
नींद लेना सिर्फ शरीर को आराम देने के लिए ही जरूरी नहीं होता, बल्कि यह बेहतर स्वास्थ्य की कुंजी है। आमतौर पर देखने में आता है कि लोग तनाव या काम के बोझ तले देर रात तक जागते रहते हैं और फिर उसका विपरीत असर उनके स्वास्थ्य पर पड़ता है। वहीं कुछ लोग ऐसे भी होते हैं, जो रात को सोते तो हैं, लेकिन फिर भी सुब
20 जनवरी 2019
10 जनवरी 2019
आज के समय में लोग हर छोटी-बड़ी बीमारी के उपचार के लिए दवाईयों पर निर्भर रहते हैं लेकिन वास्तव में जरूरत से ज्यादा दवाईयों का सेवन स्वास्थ्य को हानि पहुंचाता है। ऐसी बहुत सी स्वास्थ्य समस्याएं हैं, जिनका उपचार बिना दवाईयों के भी किया जा सकता है। ऐसी ही एक स्वास्थ्य समस्या है, सिरदर्द की समस्या। वर्तमा
10 जनवरी 2019
11 जनवरी 2019
ठंड के मौसम में खान-पान में काफी बदलाव आ जाता है। इस कड़कड़ाती ठंड में लोग मीठा खाना ज्यादा पसंद करते हैं। लेकिन जरूरत से ज्यादा मीठा सेहत के लिए अच्छा नहीं माना जाता। अगर आपको इस मौसम में अक्सर मीठे की तलब लगती है तो डाइट में रिफांइड शुगर के स्थान पर गुड़ को जगह दें। गुड़ में कैल्शियम, फास्फोरस, मैग्नी
11 जनवरी 2019
14 जनवरी 2019
आज के समय में जिस तरह का खानपान अपनाते हैं उस सीधा असर पाचन तंत्र पर दिखाई देता है| पेट की सभी परेशानियों में सबसे ज्यादा लोग गैस से परेशान रहते हैं| कभी कभी लंबे समय तक भूखे रहने के कारण या एकदम हैवी भोजन करने की वजह से खाना सही तरह से नहीं पच पाता और व्यक्ति को अपच पेट में गैस या पेट में दर्द
14 जनवरी 2019
सम्बंधित
लोकप्रिय
आज के प्रमुख लेख
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
अंग्रेजी  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x