Archana Ki Rachna: Preview "सपने "

19 अक्तूबर 2019   |  अर्चना वर्मा   (427 बार पढ़ा जा चुका है)

सपने हमें न जाने

क्या क्या दिखा जाते हैं

हमें नींदों में न जाने

कैसे कैसे

अनुभव

करा जाते हैं

कभी कोई सपना याद
रह जाता है अक्सर
कभी लगता है ये जो
अभी हुआ वो देखा सा
है कही पर
सिर्फ एक धुंधली तस्वीर
से नज़र आते हैं
सपने हमें न जाने
क्या क्या दिखा जाते हैं

कुछ सपने सजीले
और विरले भी होते हैं
जो एक अनोखी दुनिया में
ले जाते हैं
न होता लेना देना जिनसे
कभी उनसे मिलवा जाते हैं
सपने हमें न जाने
क्या क्या दिखा जाते हैं

कभी जो अपना बिछड़
गया
जिस से कुछ कहना
सुनना रह गया
उन का कुछ
घडी साथ करा जाते हैं
सपने हमें न जाने
क्या क्या दिखा जाते हैं

सब को सब कुछ
नहीं मिलता यहाँ
किसी ने कुछ भी
मुकम्मल न पाया यहाँ
कभी किसी ऐसी ही
आरज़ू से रूबरू करवा जाते हैं
सपने हमें न जाने
क्या क्या दिखा जाते हैं

लोग कहते हैं के
भोर का सपना सपना सच होता है
पर कभी कभी सपना भयानक
भी होता है
ऐसे सपने बीच नींद उठा
कमरे की लाइटे जलवा जाते हैं
सपने हमें न जाने
क्या क्या दिखा जाते हैं

कुछ सपने पुरे भी
होते हैं
कुछ अधूरे ही
भले लगते हैं
कुछ दिल को खुश कर जाते हैं
कुछ आपका तकिया गिला
कर जाते हैं
सपने हमें न जाने
क्या क्या दिखा जाते हैं
हमें नींदों में न जाने
कैसे कैसे अनुभव
करा जाते हैं

Archana Ki Rachna: Preview "सपने "

https://4800366898232342829_ff99ab5473125dccb5469d264493d7da532192d6.blogspot.com/b/post-preview?token=APq4FmC_eYzS7LFRi2uq1TAd6DBQ2lWeM7h08BEs7JHhL0rFI2QWW4SbJoQZtrf-fEBbnwsdkoGdVoAPxeEfleh1xbzfd8AtJgSWiLleZH0YMaZ-u14rj89-k9uURuLZwdKbj-mnFTue&postId=3069679457125217179&type=POST

अगला लेख: "मैं समंदर हूँ "



शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
डिफ़ॉल्ट कीबोर्ड  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x