ज़िन्दगी

17 मार्च 2020   |  Shivstrong   (1916 बार पढ़ा जा चुका है)

खुद पे यकीन करने वाले खुदा से क्यूँ डरे,

खुद पे शक करने वाले खुदा पे क्यूँ हसे!

खुद को कर इतना बुलंद कर खुदा पूछे जीने की रज़ा क्या हैं तेरी,

खुद को इतना कमज़ोर मत कर की तू खुदा के दरगाह पे जा कर पूछे ज़िन्दगी सजा क्यूँ हैं मेरी!!!

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