यात्री मार्ग और लक्ष्य

24 जुलाई 2020   |  कात्यायनी डॉ पूर्णिमा शर्मा   (327 बार पढ़ा जा चुका है)

यात्री मार्ग और लक्ष्य

यात्री मार्ग और लक्ष्य

यदि मैं देखती रही बाहर
तलाशती रही यहाँ वहाँ येन केन प्रकारेण
मन की शान्ति और आनन्द को
तो होना पड़ेगा निराश
क्योंकि कोई बाहरी वस्तु, सम्बन्ध, या कुछ भी और
नहीं दे सकता आनन्द के वो क्षण / शान्ति के वो पल
जो मिलेंगे मुझे केवल अपने ही भीतर
इसीलिए तो करती हूँ प्रयास झाँकने का अपने भीतर...

डूब जाने का कहीं गहन अंत:स्तल में
नहीं है मुझे चिन्ता इस बात की
कि यहीं डूब कर रह गई तो क्या होगा
नहीं घबराती सोचकर
कि नहीं आ सकी बाहर तो क्या होगा
क्योंकि जानती हूँ
बाहर आकर समाप्त हो जाएँगे एकान्त के वो पल
जिनमें अनुभव होता है मुझे परम शान्ति और आनन्द का
शेष रह जाएगा कुछ यदि
तो वो होगा मात्र अकेलापन
भरी भीड़ में भी
छिन जाएगी सारी शान्ति
हो जाएगा तिरोहित सारा आनन्द
बाहर के कर्णभेदी कोलाहल से
बहुत बड़ा अन्तर है अकेलेपन और एकान्त में
अकेलेपन में है छटपटाहट, घबराहट
एकान्त में है आनन्द, शान्ति और स्वयं का साथ
जानती हूँ, देखती रही यदि बाहर ही
तो नहीं कर पाऊँगी अनुभव उस आनन्द और शान्ति का
जो प्राप्त होता है स्वयं अपना ही साथ पाकर
गहरे पैठकर कहीं अपने अंत:स्तल में
वास्तव में ये जीवन कुछ भी नहीं
यात्रा है केवल अकेलेपन से एकान्त की ओर
कोलाहल से शान्ति की ओर

विषाद से आनन्द की ओर

और एकान्त, शान्ति तथा आनन्द की इस यात्रा में

मैं स्वयं ही हूँ यात्री

स्वयं ही हूँ मार्ग

और स्वयं ही हूँ लक्ष्य भी...

पूरी रचना सुनने के लिए वीडियो देखें... कात्यायनी...

https://youtu.be/MOzDxU1pyOE

अगला लेख: तुम्हारी याद यों आए



शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
15 जुलाई 2020
कृ
आरोहण- अवरोहण अति दूभर,जल-थल-नभ है ओत-प्रोत,समय की यह विहंगम,दहकती ज्वाला हैअंध- कूप सेखींचनिकालोहे प्रभु शीध्र,अकिंचन मित्र आया है!कृष्ण! तेरा बालसखा आया हैधटा-टोप अंधेरा, सन्नाटा छाया हैअन्धकार चहुदिस, मन में तम् छाया हैगोधुली बेला की रुन- झुन रुन- झुन,मनोहर रंगोली, दीपों की माला हैदीर्ध रात्रि का
15 जुलाई 2020
19 जुलाई 2020
अभावों और पीड़ा को गान बना देने वाले प्रेम और विरहके साधक, बादलों से सलाम लेने वाले,विभावरी, आसावरी और अंतर्ध्वनि के गायक पद्मभूषणश्री गोपालदास नीरज – जिनके गीतों, ग़ज़लों, दोहों के एक एक शब्द में – एक एक छन्द में मानों एक नशा सा भरा हुआ है...जो कभी दार्शनिक अन्दाज़ में कहते हैं... “नींद भी खुली नथी कि
19 जुलाई 2020
08 जुलाई 2020
💮🌍🌎🌎धरा विचलित🌏🌎🌍💮धरती माँ की पीड़ा- अकथनीय- अतिरेक,दिवनिशि धरती माँ रे! अश्रुपूरित रहती है,मन हुआ क्लांत - म्लान - अतिविक्षिप्त है।व्यथा-वेदना सर्प फणदंश सम- असह्य है।।जागृति की एषणा प्रचण्ड- अति तीव्र है।शंख-प्रत्यंचा सुषुप्त- रणभूमि रिक्त है।।पौरुषत्व व्यस्त स्वप्नलोक में-चिर निंद्रा में
08 जुलाई 2020
22 जुलाई 2020
सावन के झूले कल हरियाली तीज – जिसे मधुश्रवा तीज भी कहा जाताहै – का उमंगपूर्ण त्यौहार है, जिसे उत्तर भारत में सभी महिलाएँ बड़े उत्साह सेमनाती हैं और आम या नीम की डालियों पर पड़े झूलों में पेंग बढ़ाती अपनीमहत्त्वकांक्षाओं की ऊँचाईयों का स्पर्श करने का प्रयास करती हैं |सर्वप्रथम, सभीको सावन की मस्ती में
22 जुलाई 2020
19 जुलाई 2020
सफलताप्राप्ति के लिए क्या करेंअक्सर लोग इस बात पर मार्गदर्शन के लिए आते हैं कि उन्हें अपने कार्यों मेंसफलता प्राप्त नहीं होती, क्या करें इसके लिए ? कई बार लोग कहते हैं किहमारी जन्मपत्री देखकर कोई उपाय बताइये | हम उन सबसे यही कहते हैं कि भाईजन्मपत्री अपनी जगह है, प्रयास तो आपको स्वयं ही करना होगा |अन
19 जुलाई 2020
15 जुलाई 2020
Friends!In today’s episode of our weekly program – भारत भ्रमण – Tour of India –we will takeyou on a tour of Sarnath with an executive member of WOW India, SunandaSrivastava, who worked as SuperintendingArchaeologist in Archaeological Survey of India, NewDelhi. Sarnath is a famous Holycity equally in
15 जुलाई 2020
13 जुलाई 2020
अपनी भूलों से घबराएँ नहीं, उनसे शिक्षालेंहमारे पास किसी समस्या से त्रस्त होकर कंसल्टेशन के लिए जो लोग आते हैं तोकई बार वे प्रश्न कर बैठते हैं कि डॉ पूर्णिमा, हमने तो जीवन में कभी कोईभूल नहीं की – कभी कोई अपराध नहीं किया – फिर हमारे साथ ऐसा क्यों हो रहा है ? कलभी कुछ ऐसा ही हुआ | किन्हीं सज्जन से फोन
13 जुलाई 2020
16 जुलाई 2020
16 जुलाई 2020
18 जुलाई 2020
कमलपत्र पर गिरी हुई जल की कुछ बूँदें...गर्मी के बाद आरम्भिक वर्षा में जल की अमृत बूँदें धरा सोख लेती है... परिणामतःचारों ओर हरीतिमा फैल जाती है... लेकिन धरा को देखिये, मेघों से अमृतजल का दान लेती है... साराउपवन हरा भरा हो जाता है... पर पतझड़ के आते ही धरा उसकी ओर झुक जाती है और उपवन कीहरियाली सूख जात
18 जुलाई 2020
17 जुलाई 2020
17 जुलाई 2020
सम्बंधित
लोकप्रिय
आज के प्रमुख लेख
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
डिफ़ॉल्ट कीबोर्ड  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x