कांग्रेस की बड़ी रणनीति का खुलासा, इसलिए सिंधिया की जगह कमलनाथ को बनाया मुख्यमंत्री

25 दिसम्बर 2018   |  अंकिशा मिश्रा   (108 बार पढ़ा जा चुका है)

कांग्रेस की बड़ी रणनीति का खुलासा, इसलिए सिंधिया की जगह कमलनाथ को बनाया मुख्यमंत्री

मध्य प्रदेश में सियासत का रंग बदले हुए हम सब ने देखा है पिछले 15 सालों से मध्य प्रदेश के तख़्त पर बैठी भारतीय जनता पार्टी को अपना तख़्त छोड़ना पड़ा और इसी के साथ कांग्रेस का वनवास ख़त्म हो गया। वहीँ सत्ता बदलने के बाद जहां लोगों में आशा की नई उम्मीद जाएगी है तो कांग्रेस पर भी बड़ी ज़िम्मेदारी भी आन पढ़ी है।


मध्य प्रदेश में साल के आखरी महीने में हुए विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को एक लम्बे अरसे बाद सफलता मिली। बता दें कि कांग्रेस और भाजपा में ज्यादा अंतर नहीं था , जहाँ कांग्रेस को 114 सीटें मिलीं, वहीं भाजपा की झोली में 109 सीटें रहीं। कांग्रेस के पास बहुमत से दो सीटें कम थीं, उसे चार निर्दलीय, दो बसपा और एक सपा विधायक का समर्थन मिला और इस तरह उसके पास कुल 121 विधायकों का समर्थन है।

वहीं कांग्रेस ने मुख्यमंत्री पद के लिए कमलनाथ को चुना, वे 17 दिसंबर को शपथ भी ले चुके हैं, लेकिन मंत्रिमंडल में किसे जगह दी जाए, इस बात को लेकर कांग्रेस के अंदरखाने खींचतान अभी भी जारी है।




फ़िलहाल मध्य प्रदेश की सत्ता तो कांग्रेस के हाथ में आ गई है मगर पार्टी में चलती खींचतान की परम्परा आज भी बरक़रार है। मुख्यमंत्री की कमान भले ही कमलनाथ के हाथ में आ गई हो, मगर उन्हें भी उस खींचतान के दौर से गुजरना पड़ रहा है, जो कांग्रेस की परंपरा रही है। बीते तीन दशक से राज्य की सियासत में कमलनाथ का गुट सक्रिय रहा है, यह बात अलग है कि उनकी राजनीति केंद्र की रही है।


भले ही कमलनाथ अब तक कांग्रेस की सरकारें बनाने और मुख्यमंत्री के चयन में अहम भूमिका निभाते रहे हों, मगर पहली बार है जब उन्हें भी इस गुटबाजी से दो-चार होना पड़ा है। पहले मुख्यमंत्री बनने के लिए कई दिनों तक जूझे, और अब अपना मंत्रिमंडल बनाने के लिए जूझ रहे हैं। उनका मुकाबला युवा चेहरे ज्योतिरादित्य सिंधिया से है, यह बात अलग है कि कमलनाथ के साथ दिग्विजय सिंह भी खड़े और डटे हैं।


सूत्रों की माने तो कांग्रेस ने यह चुनाव परोक्ष रूप से सिंधिया को आगे कर लड़ा था। भाजपा के निशाने पर भी सिंधिया ही थे। यही कारण रहा कि सिंधिया को मुख्यमंत्री बनाने की मांग उठी, मगर कांग्रेस ने अगले लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखकर अपनी रणनीति बनाई और कमलनाथ को राज्य का मुख्यमंत्री बना दिया।


अब मंत्रिमंडल और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के चयन की बात सामने है। कांग्रेस को इन दोनों मामलों में सिंधिया को महत्व देना होगा, ऐसा न करने पर कांग्रेस सवालों में घिर सकती है।साथ ही अब सवाल ये भी उठ रहे हैं कि कांग्रेस ने सत्ता तो पा ली है मगर क्या वह लोगों की अपेक्षाएं पूरी करने और कार्यकर्ताओं में उत्साह जगाए रखने में कामयाब हो पाएगी? दूसरी ओर भाजपा भी विपक्ष में कमजोर नहीं है। इन स्थितियों से पार्टी को निकालना कमलनाथ के लिए आसान नहीं होगा।


अगला लेख: Beginner Guide: जानें क्या है ब्लॉगिंग और इससे कैसे करें कमाई - What is Blogging in Hindi



शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
24 दिसम्बर 2018
आजकल शादियों का सीजन चल रहा है। और किसी भी शादी में छोटी-मोटी भूल-चूक, नाराज़गी होना तो आम बात है। लेकिन जब इन छोटे छोटे बातों का लोग मुद्दा बना देते हैं तो शादी के रंग में भंग पड़ते देर नहीं लगती। जिसके चलते कभी कभी नौबत शादी टूटने तक भी आ जाती है। आपने शादी टूटने के कई कि
24 दिसम्बर 2018
11 दिसम्बर 2018
महज़ 500 रूपये से अपने सफर की शुरुआत करने वाले धीरूभाई अंबानी कैसे 75000 करोड़ के मालिक बन गए। ये कोई जादू नहीं बल्कि कड़ी मेहनत और धैर्य का नतीज़ा है। अंबानी परिवार का नाम दुनियाभर में बड़े उद्योगपतियों में शुमार होता है। अपनी मेहनत से उन्होंने दुनिया में अपनी एक अलग पहचान बनाई है। देश - विदेश में आज ह
11 दिसम्बर 2018
26 दिसम्बर 2018
Guest Post क्या है ?Guest Post करना क्यों ज़रूरी हैं ?Guest Post करने के फ़ायदे Guest Post करते समय किन-किन बातों का ध्यान दें ?शब्दनगरी पर Guest Post करें यदि आप एक हिंदी ब्लॉगर (Hindi Bloggar) हैं तो आपका यह जानना ज़रूरी है कि Guest Post क्या है ? ये करना क्यों ज़रूरी ह
26 दिसम्बर 2018
25 दिसम्बर 2018
बीजेपी के केंद्रीय राज्यमंत्री हैं गिरिराज सिंह, सॉरी शांडिल्य गिरिराज सिंह. ट्विटर पर यही नाम रखे हैं अपना. जो जैसा पुकारा जाना पसंद करे उसे वही कह कर बुलाना चाहिए. तो मंत्री जी सूक्ष्‍म,लघु और मध्‍यम उद्यम मंत्रालय देखते हैं. बड़ी सूक्ष्म दृष्टि रखते हैं, बारीक से बारीक
25 दिसम्बर 2018
19 दिसम्बर 2018
Saikripa-Home for Homeless“साईंकृपा ( SaiKripa) - Saikripa-Home for Homeless दिल्ली एनसीआर में स्थित एक NGO (गैर-सरकारी संगठन ) है, जो कि वंचित बच्चों को पढ़ाने और उन्हें जीवन को नई दिशा देने का कार्य करता है।” बच्चे मानव जाति का भविष्य हैं। “Saikripa-Home for Homeles
19 दिसम्बर 2018
12 दिसम्बर 2018
न्यायपालिका प्रजातंत्र के चार स्तम्भों में से एक है। न्यायपालिका ही वो जगह है जहाँ हर किसी को इंसाफ मिलता है और अपने हक़ मिलते है। आज उसी न्यायपालिका में अपने हक़ की लड़ाई हमेशा लड़ती आ रहीं ट्रांसजेंडर स्वाति बरूआ न्याय की कुर्सी पर बैठ के न्याय करेंगी।बता दें कि 26 वर्षीय स्वाति अब असम की पहली और देश
12 दिसम्बर 2018
12 दिसम्बर 2018
पांच राज्यों में हुए विधानसभा चुनावों में बीजेपी की हालत जहां खस्ता है, वहीं कांग्रेस की चांदी हो गई है। हिंदी बेल्ट के तीन राज्यों छत्तीसगढ़, राजस्थान और मध्य प्रदेश में कांग्रेस ने बीजेपी का कमल नहीं खिलने दिया है। वहीं तेलंगाना में सत्तारूढ़ TRS ने धमाकेदार वापसी की है, तो मिजोरम में मिजो नेशनल फ
12 दिसम्बर 2018
28 दिसम्बर 2018
चांद पर दाग हो तो चलता है, लेकिन आपके चांद से चेहरे पर दाग हो तो फिर मुश्किलें बढ़ जाती हैं। साथ ही अगर बात ख़ूबसूरती की आती है तो गोरा रंग सबसे पहले दिमाग में आता है। हर कोई चाहता है कि उसका चेहरा सबसे अच्छा औऱ खूबसूरत दिखे। सांवले रंगत की शक्ल भी अपने आप में खूबसूरत
28 दिसम्बर 2018
सम्बंधित
लोकप्रिय
आज के प्रमुख लेख
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
डिफ़ॉल्ट कीबोर्ड  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x