छठ पूजा की हार्दिक शुभकामनाएँ

13 नवम्बर 2018   |  डॉ पूर्णिमा शर्मा   (51 बार पढ़ा जा चुका है)

छठ पूजा की हार्दिक शुभकामनाएँ  - शब्द (shabd.in)

छठ पूजा

आज कार्तिक शुक्ल षष्ठी - छठ पूजा की सभी को हार्दिक बधाई | जैसा कि सभी जानते हैं, छठ पर्व हिन्दू समुदाय के लिए मूलतः भगवान सूर्य की आराधना का पर्व है | वास्तव में देखा जाए तो हिन्दू धर्म के देवताओं में केवल सूर्य और चन्द्रमा ही ऐसे देवता हैं जिन्हें मूर्त रूप में देखा तथा अनुभव किया जा सकता है | सम्भवतः इसीलिए विभिन्न पर्वों पर इन्हीं की उपासना का विधान है | साथ ही इन पर्वों के द्वारा इस वास्तविकता का भी भान होता है कि प्राचीन काल में प्रकृति के प्रति कितना अधिक सम्मान का भाव न केवल समाज के एक विशिष्ट वर्ग अपितु जन साधारण के मन में भी था |

सूर्य की शक्तियों का मुख्य स्रोत हैं उनकी दो पत्नियाँ – उषा (भोर की प्रथम किरण) तथा प्रत्यूषा (सूर्यास्त के समय की अन्तिम किरण) अथवा सन्ध्या | छठ पर्व के अवसर पर सूर्य के साथ उनकी इन दोनों शक्तियों की भी आराधना की जाती है | प्रातःकाल में उषा की प्रथम किरण के साथ आरम्भ होकर प्रत्यूषा काल में सूर्य की अन्तिम किरण तक पूजा अर्चना चलती रहती है | ऐसा सम्भवतः इसलिए किया जाता रहा हो कि सूर्य को ऊर्जा तथा जीवनी शक्ति का स्रोत माना जाता है | यह पर्व वर्ष में दो बार मनाया जाता है – चैत्र शुक्ल षष्ठी को और कार्तिक शुक्ल षष्ठी को | जिनमें कार्तिक शुक्ल षष्ठी के छठ पर्व को विशेष धूम धाम के साथ मनाया जाता है | यह पर्व दीपावली के लगभग एक सप्ताह बाद पवित्र नदियों के तटों पर मनाया जाता है |

छठ पूजा के सम्बन्ध में अनेक कथाएँ प्रचलित हैं | माना जाता है कि भगवान राम और माता सीता जब चौदह वर्षों के वनवास के बाद अयोध्या वापस लौटे थे तो उन्होंने दीपावली के छः दिन बाद कार्तिक शुक्ल षष्ठी को उपवास रखकर छठ पूजा की थी | सूर्यवंशी होने के कारण भगवान राम के लिए भगवान सूर्य की प्रार्थना आवश्यक ही थी |

एक अन्य मान्यता के अनुसार सूर्यदेव और कुन्ती के पुत्र कर्ण ने षष्ठी पूजा के रूप में अपने पिता और समस्त चराचर के लिए ऊर्जा प्रदान करने वाले सूर्यदेव की उपासना आरम्भ की थी | उसने घण्टों जल के मध्य खड़े होकर भगवान भास्कर को अर्घ्य प्रदान किया था जिसके फलस्वरूप वह महान योद्धा बना | आज भी कमर तक जल के मध्य खड़े होकर भगवान भास्कर को अर्घ्य प्रदान किया जाता है |

एक अन्य मान्यता के अनुसार पाण्डवों के वनवास की अवधि में द्रौपदी ने कार्तिक शुक्ल षष्ठी को उपवास रखकर सूर्यदेव की उपासना की थी जिसके परिणामस्वरूप समस्त कुरुवंश का संहार करने में पाण्डव समर्थ हुए थे |

कुछ लोग इसे माता कात्यायनी के साथ भी जोड़ते हैं | षष्ठी तिथि माता कात्यायनी की पूजा के लिए मानी जाती है, क्योंकि नवदुर्गा में माता कात्यायनी का स्थान छठी देवी के रूप में माना जाता है |

एक मान्यता यह भी है कि कार्तिक शुक्ल पञ्चमी के सूर्यास्त तथा षष्ठी के सूर्योदय के मध्य किसी समय महर्षि वशिष्ठ की प्रेरणा से भगवान सूर्य की आराधना करते समय राजर्षि विश्वामित्र के मुख से अनायास ही गायत्री मन्त्र फूट पड़ा था |

मान्यताएँ अनेक हैं – पौराणिक भी और लोकमान्यताएँ भी – किन्तु मूल तथ्य यह है छठ पूजा मुख्य रूप से पूर्वी भारत के बिहार, झारखण्ड, पूर्वी उत्तर प्रदेश और नेपाल के तराई क्षेत्रों में मनाया जाने वाला भगवान भास्कर की आराधना का चार दिवसीय लोक पर्व है, जो कार्तिक शुक्ल चतुर्थी को आरम्भ होकर कार्तिक शुक्ल सप्तमी को सम्पन्न होता है |

ऊँ भूर्भुव: स्व: तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि । धियो यो न: प्रचोदयात् ।।

सृष्टिकर्ता प्रकाशमान भगवान आदित्यदेव हम सबके हृदयों से जड़ता का अन्धकार दूर कर चेतना, ज्ञान तथा सद्गुणों का प्रकाश पसारित करें, इसी कामना के साथ सभी को छठ पूजा की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ…

https://www.astrologerdrpurnimasharma.com/2018/11/13/chhath-puja/

अगला लेख: नक्षत्र - एक विश्लेषण



शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
11 नवम्बर 2018
बिहार की सबसे बड़ी पूजा छठ है. आस्था के महापर्व के नाम से जाना जाने वाला छठ पूरे बिहार में बड़े ही धूम धाम से मनाया जाता है. एक बिहारी की पहचान, उसके घर लौटने की वजह, छठ अपने आप में लाखों कहानियां समेटता है. छठ पर्व के आगाज़ की कई कहानियाँ समाज में प्रचलित हैं. रामायण से ल
11 नवम्बर 2018
10 नवम्बर 2018
ज्येष्ठादीपावली के सारे पर्व सम्पन्न हो चुके | अब पुनः लौटते हैंअपनी नक्षत्र-वार्ता पर | ज्योतिष में मुहूर्त गणना, प्रश्न तथाअन्य भी आवश्यक ज्योतिषीय गणनाओं के लिए प्रयुक्त किये जाने वाले पञ्चांग केआवश्यक अंग नक्षत्रों के नामों की व्युत्पत्ति और उनके अर्थ तथा पर्यायवाची शब्दोंके विषय में हम बात कर र
10 नवम्बर 2018
06 नवम्बर 2018
हिन्दी पञ्चांगबुधवार, 7 नवम्बर 2018 – नई दिल्लीविरोधकृत विक्रम सम्वत 2075 / दक्षिणायनदीपावली के प्रकाश पर्व की सभी को हार्दिक शुभकामनाएँ सूर्योदय : 06:37 पर तुला में / विशाखा नक्षत्र सूर्यास्त : 17:31 पर चन्द्र राशि : तुला चन्द्र नक्षत्र : स्वाति 19:36 तक,
06 नवम्बर 2018
05 नवम्बर 2018
“स्वास्थ्य सबसे बड़ा उपहारहै |” – गौतम बुद्ध सत्य है – स्वास्थ्य से बड़ाऔर कोई धन हो ही नहीं सकता | स्वास्थ्य उत्तम होगा तो हमारे विचार भी उत्तम बनेंगे, क्योंकि उत्तम स्वास्थ्य ही उत्तम मस्तिष्कका घर होता है ऐसा महापुरुषों ने कहा है और हम सभी ने अपने अनुभवों से इसे जाना भीहै | हमारा शरीर स्वस्थ रहेगा
05 नवम्बर 2018
08 नवम्बर 2018
हिन्दी पञ्चांगशुक्रवार, 9 नवम्बर 2018 – नई दिल्लीविरोधकृत विक्रम सम्वत 2075 / दक्षिणायन भाईदूज और चित्रगुप्त जयन्ती की हार्दिक शुभकामनाएँसूर्योदय : 06:38 पर तुला में / विशाखा नक्षत्र सूर्यास्त : 17:30 पर चन्द्र राशि : वृश्चिक चन्द्र नक्षत्र : अनुराधा 20:34
08 नवम्बर 2018
05 नवम्बर 2018
हिन्दी पञ्चांगसोमवार, 5 नवम्बर 2018 – नई दिल्लीविरोधकृत विक्रम सम्वत 2075 / दक्षिणायनसूर्योदय : 06:35 पर तुला में / स्वाति नक्षत्र सूर्यास्त : 17:33 पर चन्द्र राशि : कन्या चन्द्र नक्षत्र : हस्त 20:36 तक, तत्पश्चात चित्रा तिथि
05 नवम्बर 2018
05 नवम्बर 2018
मंगल का कुम्भ राशि में गोचरसर्वप्रथम सभीको दीपमालिका के प्रकाश पर्व की अनेकशः हार्दिक शुभकामनाएँ… सभी का जीवनसुख-समृद्धि-सौभाग्य-स्नेह तथा ज्ञान के आलोक से आलोकित रहे यही कामना है…कल मंगलवार कार्तिककृष्ण चतुर्दशी को प्रातः आठ बजकर बाईस मिनट के लगभग धनिष्ठा नक्षत्र, विष्टि करण और प्रीतियोग में भूमिसु
05 नवम्बर 2018
10 नवम्बर 2018
छठ देवी को सूर्य देव की बहन बताया जाता है। लेकिन छठ व्रत कथा के अनुसार छठ देवी ईश्वर की पुत्री देवसेना बताई गई हैं। देवसेना अपने परिचय में कहती हैं कि वह प्रकृति की मूल प्रवृति के छठवें अंश से उत्पन्न हुई हैं यही कारण है कि मुझे षष्ठी कहा जाता है। देवी कहती हैं यदि आप सं
10 नवम्बर 2018
04 नवम्बर 2018
हिन्दी पञ्चांगरविवार, 4 नवम्बर 2018 – नई दिल्लीविरोधकृत विक्रम सम्वत 2075 / दक्षिणायनसूर्योदय : 06:35 पर तुला में / स्वाति नक्षत्र सूर्यास्त : 17:34 पर चन्द्र राशि : सिंह चन्द्र नक्षत्र : उत्तर फाल्गुनी 21:34 तक, तत्पश्चात हस्त तिथि
04 नवम्बर 2018
सम्बंधित
लोकप्रिय
आज के प्रमुख लेख
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
अंग्रेजी  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x