क्या है रोग प्रतिरोधक क्षमता?

08 फरवरी 2019   |  श्रीमती अर्चना श्रीवास्तव   (58 बार पढ़ा जा चुका है)

क्या है रोग प्रतिरोधक क्षमता?

इम्युनिटी पावर शरीर का वह प्राकृतिक सिस्टम है जो कुदरती रुप से हमें रोगों से दूर रखने का काम करता है। सर्दी के मौसम हवा में मौजूद नमी के कारण सर्दी-जुकाम, खांसी जैसे रोग बढ़ जाते हैं। इनसे राहत पाने और इंफैक्शन से बचने के लिए डाइट का खास ख्याल रखने की बहुत जरूरत है ताकि रोगों से लड़ने की शक्ति कायम रहे। आइए जानें, इस मौसम में कौन-से खाद्य पदार्थों का सेवन करें जिससे इम्यूनिटी पावर बढ़े और आप कम बीमार पड़ें।


यह शरीर में जैविक क्रियाओं का संग्रह है जो रोग पैदा करने वाले जीवाणुओं को पहचान कर उन्हें मारने का काम करते हैं। इससे व्यक्ति का रोगों से बचाव रहता है। जब इस शारीरिक प्रणाली में बाधा उत्पन्न होनी शुरू हो जाए तब अस्वस्थ कोशिकाएं पनपने लगती हैं और व्यक्ति बहुत जल्दी बीमारियों का शिकार हो जाता है।


खाएं ये आहार

बदलते मौसम में अपना बचाव रखने के लिए सबसे पहले खान-पान का खास ख्याल रखें। इसके लिए बैलेंस डाइट का सेवन करना बहुत जरूरी है।


खाएं मौसमी फल

स्वस्थ रहने के लिए पाचन क्रिया का सही होना बहुत जरूरी है। प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए मौसमी फलों का सेवन जरूर करें। संतरा, अमरूद का सेवन इस समय बेस्ट है। इससे एसिडिटी की परेशानी नहीं होती और विटामिन सी रोगों से लड़ने में मदद करता है।


तुलसी व लेमन टी

तुलसी का इस्तेमाल बहुत सारी आयुर्वेदिक दवाइयों में किया जाता है। सर्दी के मौसम में रोजाना 2-3 तुलसी के पत्ते जरूर खाएं। इसके अलावा तुलसी का चाय या लेमन टी में शहद डालकर भी पी सकते हैं। इनकी तासीर गर्म होती है जो ठंड़े से बचाव करती है।


प्रोटीन बहुत जरूरी

शरीर में प्रोटीन की कमी होने से भी शरीर जल्द रोगों का शिकार होने लगता है। इसके लिए आप दूध, दही, सोयाबीन, अंडा, मछली आदि का सेवन कर सकते हैं।


खाएं हरी सब्जियां

सर्दी-जुकाम जैसी छोटी-छोटी परेशानियों से बचने के लिए हरी पत्तेदार सब्जियों का इस मौसम में खूब सेवन करें। इससे शरीर में विटामिन और खनिज पदार्थों की कमी पूरी हो जाती है।


इन चीजों से बनाएं दूरी

सर्दी के मौसम में ठंडी तासीर वाली चीजें खाने से परहेज करें। इस समय ज्यादा मसालेदार भोजन, खट्टी और तली हुई चीजें न खाएं। किसी तरह का फ्लू है तो मास्क पहन कर रखें और बासी चीजों का सेवन न करें।

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