दाम्पत्य जीवन का रहस्य

08 फरवरी 2019   |  श्रीमती अर्चना श्रीवास्तव   (28 बार पढ़ा जा चुका है)

दाम्पत्य जीवन का रहस्य

जिस प्रकार पौधा लगाने से पहले बीज आरोपित किया जाता है उसी प्रकार के युवा लड़के-लड़कियों के मन में दाम्पत्य जीवन के संबंधों के भावों को पैदा करने के लिए विवाह पूर्व ही अनेक संस्कार आरोपित किए जाते हैं। यद्यपि वे सारे के सारे विवाह के ही अंग माने जाते हैं। जैसे-हल्दी चढ़ाना, तैल चढ़ाना, कन्या पूजन, गाना बजाना, सुहाग गीतों का होना आदि। परिवार और समाज को इन कार्यक्रमों की शुरूआत से ही विवाह के अंत तक का सफर लगता है की कार्यक्रम अब पूरे हुये परंतु वर-वधु के लिए यह एक नए जीवन की शुरूआत होती है। जो दाम्पत्य जीवन के लिए बहुत जरूरी होता है।


बड़े से बड़े भवन की नींव भी एक र्इंट से रखी जाती है। दाम्पत्य संबंधों की स्थापना भी इस सत्य से परे नहीं है। युवा मन में भावी जीवन साथी की कल्पनाएं आयु के अनुसार स्वत: ही साकार होने लगती है। परस्पर आकर्षण का यह भाव यद्यपि विपरीत सेक्स के प्रति एक स्वाभाविक आकर्षण से अधिक कुछ नहीं होता, लेकिन युवा हृदय एक-दूसरे का प्रोत्साहन पाकर अपनी भावनाओं को साकार करने लगते हैं युवा मन की कल्पनाएं ही विवाह के लिए युवा मन की तैयारी या पूर्व पीठिका कही जा सकती है।


युवा अवस्था में लड़के-लड़कियों की कल्पनाएं रंगीन होने लगते हैं, उनमें अनेक प्रकाश के शारीरिक और मानसिक परिवर्तन आने लगते हैं। शरीर के अंग हृष्ट-पुष्ट होने लगते हैं। चेहरे की कमनीयता में एक विशेष प्रकार की लालीमा आ जाती है। लड़के मन में कुछ रोमांचकारी कल्पनाएं करने लगते हैं। उनमें कुछ अनोखा और साहसिक कार्य करने की इच्छा पैदा होने लगती है। विपरीत सेक्स को अपनी और आकर्षित करने, उसे रि­ााने के लिए वे सजने-संवरने लगते हैं।


अभिभावकों द्वारा जब प्राभमिक स्तर पर लड़के-लड़की के विवाह की बात हो जाती है, तो लड़के-लड़की को देखने-दिखाने में आसक्ति का भाव जागृत होता है, जो उन्हें एक-दूसरे से भावनात्मक रूप से जोड़ता है। परस्पर पसंदगी का यह आधार ही दोनों को विवाह, लगाव और बंधनों के लिए प्रेरित करता है। इसके बाद होती है विवाह की औपचारिकता ।


ये सब बातें जो कई लोगों को आडम्बर और ढकिया नूसी लगती हैं परंतु सही मायने में यही होती हैं जो कि दो इंसान एक-दूसरे से घुल-मिल जाते हैं और जीवन पर्यन्त एक दूसरे से एक प्यार और विश्वास के बंधन में बंधे रहते हैं। यही होता है असली दाम्पत्य जीवन ।

अगला लेख: घर पर गर्भावस्था की जांच (प्रेग्नेंसी टेस्ट) कैसे करे



शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
09 फरवरी 2019
जैसे छींकने पर हमारा कोई नियंत्रण नहीं है। छींकते समय जैसे आंखे बंद हो जाती है वैसे ही महिलाएं भी चरमसुख के समय चाह कर भी आंखे नहीं खोल पातीं। दरअसल इस वक्त उनकी ग्लैंड से तरल स्त्रावित होता है जो दिमाग को आंखें बंद करने के लिए संदेश भेजता है।लवमेकिंग, दो विपर‍ित लिंग के बीच न सिर्फ एक इंटीमेसी बल्क
09 फरवरी 2019
08 फरवरी 2019
प्रत्येक शख्स किसी खास मकसद से इस दुनिया में आया है, यदि आप सिंगल हैं तो इस का तात्पर्य यह है कि संभवतया अकेले रह कर ही आप अपना मकसद पा सकती हैं। तभी आप को सोच और परिस्थितियां इस के अनुरूप हैं यह भी हो सकता है कि आने वाले समय में आप स्वयं शादी के बंधन में बंध जाएं। मगर जब तक सिंगल हैं अपने इस स्टेटस
08 फरवरी 2019
08 फरवरी 2019
प्रत्येक शख्स किसी खास मकसद से इस दुनिया में आया है, यदि आप सिंगल हैं तो इस का तात्पर्य यह है कि संभवतया अकेले रह कर ही आप अपना मकसद पा सकती हैं। तभी आप को सोच और परिस्थितियां इस के अनुरूप हैं यह भी हो सकता है कि आने वाले समय में आप स्वयं शादी के बंधन में बंध जाएं। मगर जब तक सिंगल हैं अपने इस स्टेटस
08 फरवरी 2019
06 फरवरी 2019
प्
प्रार्थना जितनी सरल होती शायद ही कुछ इतना सरल हो, मैं यहाँ पर उतने ही कम शब्दों में और इसके बारे में कहना चाहूँ की प्रार्थना जितनी निःशब्द रहे उतनी सरल और तेज प्रभाव वाली होती है। शब्दों में कमी रह सकती है मगर निःशब्द प्रार्थना बहुत कुछ कहती है।वैसे प्रार्थना निवेदन करके ऊर्जा प्राप्त करने की शक्ति
06 फरवरी 2019
08 फरवरी 2019
इम्युनिटी पावर शरीर का वह प्राकृतिक सिस्टम है जो कुदरती रुप से हमें रोगों से दूर रखने का काम करता है। सर्दी के मौसम हवा में मौजूद नमी के कारण सर्दी-जुकाम, खांसी जैसे रोग बढ़ जाते हैं। इनसे राहत पाने और इंफैक्शन से बचने के लिए डाइट का खास ख्याल रखने की बहुत जरूरत है ताकि रोगों से लड़ने की शक्ति कायम रह
08 फरवरी 2019
09 फरवरी 2019
मौन की महिमा अपरंपार है, इसके महत्व को शब्दों के जरिए अभिव्यक्त करना संभव नहीं है।प्रकृति में सदैव मौन का साम्राज्य रहता है। पुष्प वाटिका से हमें कोई पुकारता नहीं, पर हम अनायास ही उस ओर खिंचते चले जाते हैं। बड़े से बड़े वृक्षों से लदे सघन वन भी मौन रहकर ही अपनी सुषमा से सारी वसुधा को सुशोभित करते है
09 फरवरी 2019
09 फरवरी 2019
एक राजा की दो पत्नियां थी। प्रथम पत्नि सांवली थी वह राजा को बिल्कुल पंसद नहीं थी वहीं दूसरी पत्नि बहुत सुंदर देह व आकर्षक थी। राजा हमेशा दूसरी पत्नि को अपने साथ रखता था। वह उसकी अचूक एवं आकर्षक सुन्दरता में डूबा रहता था प्रथम पत्नि सुशील एवं बहुत गुण थी लेकिन उसका रंग सावंला होने के कारण राजा उसे पस
09 फरवरी 2019
07 फरवरी 2019
घर पर गर्भावस्था की जांच (प्रेग्नेंसी टेस्ट) करने से आपके पेशाब में गर्भावस्था के हॉर्मोन ह्यूमन कोरियोनिक गोनाडोट्रोफिन की मौजूदगी का पता चलता है। अधिकांश टेस्ट माहवारी चूकने के पहले दिन ही आपको बता सकते हैं कि आप गर्भवती हैं या नहीं। अधिक संवेदनशील जांचे तो आपकी माहवारी की नियत तिथि से कुछ दिन पहल
07 फरवरी 2019
13 फरवरी 2019
दाम्पत्य जीवन में प्राय: पारिवारिक विवादों के कैक्टस: स्वत: ही उग जाते हैं। कभी मां बेटे के कान भरती है, तो कभी बेटी मां के कान भरती है। आस पास पड़ोस में रहने वाली औरतें भी सास से बहु को सिर पर न चढ़ाने की सलाह देती रहती हैं। कभी नंद-भाभी तो कभी देवरानी-जेठानी आदि रिश्तों को कहीं न कहीं थोड़ी बहुत खटा
13 फरवरी 2019
19 फरवरी 2019
*आदिकाल से इस धराधाम पर भगवान की तपस्या करके भगवान से वरदान मांगने की परंपरा रही है | लोग कठिन से कठिन तपस्या करके अपने शरीर को तपा करके ईश्वर को प्रकट करके उनसे मनचाहा वरदान मांगते थे | वरदान पाकर के जहां आसुरी प्रवृति के लोग विध्वंसक हो जाते हैं वहीं दिव्य आत्मायें लोक कल्याणक कार्य करती हैं | भग
19 फरवरी 2019
06 फरवरी 2019
त्याग, संघर्षपूर्ण जीवन, नि: स्वार्थ सेवा और निष्काम भक्तिरामायण और रामचरित मानस में भगवान श्रीराम की वनयात्रा में माता शबरी का प्रसंग सर्वाधिक भावपूर्ण है। भक्त और भगवान के मिलन की इस कथा को गाते सुनाते बड़े-बड़े पंडित और विद्वान भाव विभोर हो जाते हैं। माता शबरी का त्याग और संघर्षपूर्ण जीवन, नि: स्व
06 फरवरी 2019
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
डिफ़ॉल्ट कीबोर्ड  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x