फ़क़ीर

05 मई 2019   |  pradeep   (14 बार पढ़ा जा चुका है)

फकीरी में भी तर्के दुनियां ना छूटी जिनसे, हुकुमराने हिन्द बने है.

फ़क़ीर ऐसे भी थे इस हिन्द में, जिनके दर पे शहंशाह भी थे जाते. (आलिम)


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