क्यों बेअसर हो जाते है मोटिवेशनल विचार कुछ वक्त बाद ?

31 अक्तूबर 2019   |  शिल्पा रोंघे   (552 बार पढ़ा जा चुका है)

अब हम उस दौर में आ गए है जब दोस्त या रिश्तेदार या परिचित सीधे सीधे कोई बात कहने के बजाए मोटिवेशनल क्वोट का सहारा लेने लगे है कभी कभी वो कोई बात सामने वाले से पूछना चाहते है तब भी मोटिवेशनल क्वोट भेज देते है या ऐसा कोई वीडियो जिससे वो अपनी बात सामने वाले को समझा सके, या सलाह दे सके ।

रही बात मोटिवेशन की तो मैं यह नहीं कहना चाहती कि वो बेअसर होता है, बहुत से लोग किताब या मोटिवेशनल फिल्म देखकर भी प्रेरित होते है यहां तक की अपने करियर का निर्णय भी ले डालते है और सफल हो जाते है। शुरूआती स्तर मोटिवेशनल वीडियो बहुत काम आते है किसी का खोया हुआ उत्साह जगाने में या फिर आत्मविश्वास बढ़ाने में, लेकिन ऐसा क्यों होता है कि एक वक्त के बाद इनका असर कम होने लगता है और वो उतने उपयोगी नहीं रह जाते है जितने की वो पहले होते है इसका कारण है कि वो एक सामान्य दृष्टिकोण लेकर चलते है यानि सभी के लिए होते है। हो सकता है जिसे आप क्वोट भेजकर समझाने की कोशिश करते है उसकी उलझन थोड़ी अलग हो यानि सबकी व्यक्तिगत ज़िंदगी एक सी नहीं होती है तो उसे एक ही पैमाने पर तौलना गलत है इसलिए हो सकता है कि आप कहने कुछ और जा रहे हो और समझने वाला उसका कुछ और ही अर्थ निकाल ले। अगर आप सचमुच अपने दोस्त या रिश्तेदार से कुछ पूछना चाहे तो बड़ी विनम्रता पूर्वक उससे उसकी उलझन के बारे में पूछे साफ शब्दों में, ना कि क्वोट या फिर किसी मोटिवेशनल वीडियो का सहारा ले। अगर वो ना बताना चाहे तो उस पर दबाव ना डाले क्योंकि हर किसी की पर्सनल ज़िंदगी होती है।

अब कोई बच्चा ऐजुकेशन में कमजोर है और आप उसे अपनी परफार्मेंस सुधारने के बजाए सीधे स्कूल में टॉप आने वाला क्वोट भेज दे। अगर कोई अपने करियर में स्ट्रगल कर रहा है आप उसे कोई वैश्विक सेलिब्रिटी कैसे मशहूर हुआ और करोड़पति बना इस तरह के वीडियो भेजे तो हो सकता है वो कुछ वक्त के लिए मोटिवेटेड महसूस करे लेकिन कुछ वक्त के बाद यथार्थ से उसका सामना होगा तो ये उसके सामने बेअसर होगा ही।

मैं यह नहीं कहती कि मोटिवेशनल क्वोट और वीडियो हमारा और हमारे दोस्तों का उत्साह नहीं बढ़ाते है लेकिन कुछ सवालों का जवाब इंसान को खुद ही ढूंढना होता है क्योंकि खुद से बेहतर इंसान को कोई और नहीं समझ सकता है।

अगला लेख: जानिए भाग्य बड़ा या कर्म



शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
12 नवम्बर 2019
सांप सीढ़ी सिर्फखेल नहीं,जीवन दर्शन भी है.सफलता और विफलता दुश्मन नहीं, एक दूसरे की साथी है.हर रास्ते पर सांप सा रोड़ा, कभी मंजिल के बेहद करीब आकर भी लौटना पड़ता है.कभी सिफ़र से शिखर तो कभी शिखर से सिफ़र का सफ़र तय करना पड़ता है.सफलता का कोई
12 नवम्बर 2019
28 अक्तूबर 2019
पता नहीं ये जो कुछ भी हुआ, वो क्यों हुआ ?पता नहीं क्यों मैं ऐसा होने से नहीं रोक पाया ?मैं जानता था कि ये सब गलत है।लेकिन फिर भी मैं कुछ नहीं कर पाया।आखिर मैं इतना कमजोर क्यों पड़ गया ?मुझमें इतनी बेबसी कैसे आ गयी ?क्यों मेरे दिल ने मुझे लाचार बना दिया ?क्यों इतनी भावनाएं हैंइस दिल में ?क्यों मैंने अ
28 अक्तूबर 2019
30 अक्तूबर 2019
कु
<!--[if gte mso 9]><xml> <w:WordDocument> <w:View>Normal</w:View> <w:Zoom>0</w:Zoom> <w:TrackMoves/> <w:TrackFormatting/> <w:PunctuationKerning/> <w:ValidateAgainstSchemas/> <w:SaveIfXMLInvalid>false</w:SaveIfXMLInvalid> <w:IgnoreMixedContent>false</w:IgnoreMixedContent> <w:AlwaysShowPlaceh
30 अक्तूबर 2019
06 नवम्बर 2019
कि
<!--[if gte mso 9]><xml> <w:WordDocument> <w:View>Normal</w:View> <w:Zoom>0</w:Zoom> <w:TrackMoves></w:TrackMoves> <w:TrackFormatting></w:TrackFormatting> <w:PunctuationKerning></w:PunctuationKerning> <w:ValidateAgainstSchemas></w:Val
06 नवम्बर 2019
05 नवम्बर 2019
<!--[if gte mso 9]><xml> <o:OfficeDocumentSettings> <o:RelyOnVML/> <o:AllowPNG/> </o:OfficeDocumentSettings></xml><![endif]--><!--[if gte mso 9]><xml> <w:WordDocument> <w:View>Normal</w:View> <w:Zoom>0</w:Zoom> <w:TrackMoves/> <w:TrackFormatting/> <w:PunctuationKer
05 नवम्बर 2019
26 अक्तूबर 2019
जा
<!--[if gte mso 9]><xml> <w:WordDocument> <w:View>Normal</w:View> <w:Zoom>0</w:Zoom> <w:TrackMoves></w:TrackMoves> <w:TrackFormatting></w:TrackFormatting> <w:PunctuationKerning></w:PunctuationKerning> <w:ValidateAgainstSchemas></w:Val
26 अक्तूबर 2019
30 अक्तूबर 2019
मित्रों , मैंने पहले एक लेख में बदलाव के कुछ सरल विषय लिखे थे जिनमें हमारे समाज को बदलने की आवश्यकता है. फिर मैंने ट्रैफिक के केवल तीन बिंदुओं पर आप सब का ध्यान आकर्षित किया था-फालतू हॉर्न बजाना; वाहन ठीक से पार्क करना एवं द
30 अक्तूबर 2019
02 नवम्बर 2019
<!--[if gte mso 9]><xml> <w:WordDocument> <w:View>Normal</w:View> <w:Zoom>0</w:Zoom> <w:TrackMoves></w:TrackMoves> <w:TrackFormatting></w:TrackFormatting> <w:PunctuationKerning></w:PunctuationKerning> <
02 नवम्बर 2019
13 नवम्बर 2019
<!--[if gte mso 9]><xml> <o:OfficeDocumentSettings> <o:RelyOnVML/> <o:AllowPNG/> </o:OfficeDocumentSettings></xml><![endif]--><!--[if gte mso 9]><xml> <w:WordDocument> <w:View>Normal</w:View> <w:Zoom>0</w:Zoom> <w:TrackMoves/> <w:TrackFormatting/> <w:PunctuationKer
13 नवम्बर 2019
17 अक्तूबर 2019
<!--[if gte mso 9]><xml> <w:WordDocument> <w:View>Normal</w:View> <w:Zoom>0</w:Zoom> <w:TrackMoves/> <w:TrackFormatting/> <w:PunctuationKerning/> <w:ValidateAgainstSchemas/> <w:SaveIfXMLInvalid>false</w:SaveIfXMLInvalid> <w:IgnoreMixedContent>false</w:IgnoreMixedC
17 अक्तूबर 2019
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
डिफ़ॉल्ट कीबोर्ड  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x