अच्छा जीवन

05 नवम्बर 2019   |  डॉ पूर्णिमा शर्मा   (3141 बार पढ़ा जा चुका है)

अच्छा जीवन

अच्छा जीवन

कल कोई मित्र घर पर आए हुए थे | बातों बातों में वो कहने लगे “हम तो और कुछ नहीं चाहते, बस इतना चाहते हैं कि हमारा बेटा अच्छा जीवन जीये... अब देखो जी वो हमारे साले का बेटा है, अभी तीन चार साल ही तो नौकरी को हुए हैं, और देखो उसके पास क्या नहीं है... एक ये हमारे साहबजादे हैं, इनसे कितना भी कहते रहो कि भाई से कुछ सीखो, पर इनके तो कानों पर जूँ नहीं रेंगती... इतना कहते हैं भाई सपने बड़े देखोगे तभी बड़े आदमी बनोगे...”

उनका बेटा बहू भी वहीं बैठे थे तो बेटा “क्या पापा आप भी न हर समय बस...” बोलकर वहाँ से उठ गया और दूसरे कमरे में जा बैठा | मैं सोचने लगी “अच्छा जीवन” की हमारी परिभाषा क्या है ? ये जो इनका बेटा अभी इनसे अप्रसन्न होकर यहाँ से उठकर चला गया क्या यही है “अच्छा जीवन” ? जबकि इसके पास भी तो सारी सुख सुविधाएँ हैं, फिर ये क्यों इसकी तुलना अपने भतीजे से कर रहे हैं ? क्या तथाकथित “बड़े सपने” देखना अच्छा जीवन है ? जितना कुछ अपने पास है उससे अधिक प्राप्त करने के सपने देखना अच्छा जीवन है ? जो कुछ अपने पास है उसे सुरक्षित रखने के सपने देखना अच्छा जीवन है ? क्योंकि “बड़े सपने देखकर ही तो बड़े कार्य करने में सक्षम हो पाएँगे | क्योंकि तब हम “बड़े सपने” सत्य करने का प्रयास करेंगे” |

बड़े सपने तो कुछ भी हो सकते हैं – जैसे अथाह धन सम्पत्ति तथा भोग विलास के भौतिक साधनों को एकत्र करना भी हो सकता है, अथवा आत्मोन्नति के लिए प्रयास करना... दूसरों की निस्वार्थ भाव से सेवा करना... अपने भीतर के सुख और सन्तोष में वृद्धि करना ताकि उसके द्वारा हम दूसरों के जीवन में भी वही सुख और सन्तोष प्रदान कर सकें आदि भी हो सकता है... और इस सबके लिए अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखना भी आवश्यक है...

यों देखा जाए तो सपने “छोटे या बड़े” हमारी कल्पना की तथा पारिवारिक और सामाजिक व्यवस्थाओं की उपज होते हैं | जबकि वास्तव में सपना सपना होता है – न छोटा न बड़ा... एक साकार हो जाए तो दूसरा आरम्भ हो जाता है... कई बार जीवन में कुछ ऐसी अनहोनी घट जाती है कि हमें लगने लगता है हमारे सारे स्वप्न समाप्त हो गए, कहीं खो गए | सम्भव है जीवन की आपा धापी में हम दूसरों की अपेक्षा कहीं पीछे छूट गए हों, अथवा अकारण ही दैवकोप के कारण हमारा कुछ विशिष्ट हमसे छिन गया हो, या ऐसा ही बहुत कुछ – जिसकी कल्पना मात्र से हम सम्भव हैं काँप उठें... किन्तु इसे दु:स्वप्न समझकर भूल जाने में ही भलाई होती है... एक “बड़ा” स्वप्न टूटा तो क्या ? फिर से नवीन स्वप्न सजाने होंगे... तभी हम आगे बढ़ सकेंगे... जीवन सामान्य रूप से जी सकेंगे... अपने साथ साथ दूसरों के भी सपनों को साकार कर सकेंगे...

और यही है वास्तव में वह अनुभूति जिसे हम कहते हैं “अच्छा जीवन”... हम जीवन में कितने भी सम्बन्ध बना लें, कितनी भी धन सम्पत्ति एकत्र कर लें, किन्तु कुछ भी सदा विद्यमान नहीं रहता... सब कुछ नश्वर है... मानव शरीर की ही भाँति... जो पञ्चतत्वों से निर्मित होकर पञ्चतत्व में ही विलीन हो जाता है... तो क्यों न कोई ऐसा “बड़ा” स्वप्न सजाया जाए जो हमारे आत्मोत्थान में सहायक हो...? ताकि हमारी “अच्छे जीवन” की परिभाषा सत्य सिद्ध हो सके...

https://www.astrologerdrpurnimasharma.com/2019/11/05/a-good-life/

अगला लेख: नरक चतुर्दशी



शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
22 अक्तूबर 2019
लोकसभा चुनाव-2019 के दौरान वोटिंग टाइम में एक महिला की फोटो वायरल हो रही थी। पीली साड़ी में एक खूबसूरत महिला वोटिंग के दौरान सोशल मीडिया पर छाई हुई थी। मगर पुख्ता जानकारी नहीं मिली थी कि ये तस्वीर आखिर है कहां की और ये किसने वायरल की। मगर अब एक बार फिर पीली साड़ी वाली महिला की तस्वीर वायरल हो रही है
22 अक्तूबर 2019
21 अक्तूबर 2019
दिल्ली विधानसभा चुनाव अगले साल होने वाले हैं और ऐसे में कांग्रेस, बीजेपी और केजरीवाल ने अपनी-अपनी कमर कस ली है। हर कोई अपनी पार्टी को अच्छा साबित करने की प्रक्रिया शुरु कर चुका है। इसी मैदानी जंग मे अपने पिता का समर्थन करने के लिए वर्तमान मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की बेटी भी उतर आई हैं। उन्हें दिल
21 अक्तूबर 2019
25 अक्तूबर 2019
नरक चतुर्दशी / रूप चतुर्दशीपाँचपर्वों की श्रृंखला “दीपावली” की दूसरी कड़ी है नरक चतुर्दशी, जिसे छोटी दिवाली अथवा रूप चतुर्दशी केनाम से भी जाना जाता है और प्रायः यह लक्ष्मी पूजन से पहले दिन मनाया जाता है |किन्तु यदि सूर्योदय में चतुर्दशी तिथि हो और उसी दिन अपराह्न मेंअमावस्या तिथि हो तो नरक चतुर्दशी ल
25 अक्तूबर 2019
25 अक्तूबर 2019
क्षोभदिनेश डॉक्टरक्षोभ हिंदी का एक ऐसा शब्द है जिसके हूबहू भाववाला शब्द शायद किसी दूसरी भाषा में न हो । क्षोभ यानी खीज और दुख वाला ऐसा क्रोधजिसमे आप खुद को असहाय अनुभव करें । क्षोभ ऐसे लोगों को ज्यादा होता है जो देश औरसमाज की छोटी छोटी चीजों को लेकर जरूरत से ज्यादा सेंसिटिव होते है । यानि के जोगैंडे
25 अक्तूबर 2019
22 अक्तूबर 2019
भारत में जहां बहुत से लोग नरेंद्र मोदी के समर्थक और उन्हें पसंद करने वाले हैं वहीं उन्हें नापसंद करने वालों की संख्या भी कम नहीं है। पीएम के रूप में नरेेंद्र मोदी ने जितने भी अहम फैसले लिए है उऩके अधिकतर लोग नाराज और आक्रोशित ही हैं। फिर अगर उनकी सत्ता के दौरान अगर किसी की मौत हत्या करके हो जाती है
22 अक्तूबर 2019
21 अक्तूबर 2019
धर्म और मज़हब के नाम पर जो एक सिरफिरापन हर तरफ दिखाई दे रहा है उसी विषय पर एक अच्छा लेख डॉ दिनेश शर्मा का. .. सिरफिरेदिनेश डॉक्टरकुछ सिरफिरे इधर भी है और उधर भी !क्योंकि ये सिरफिरे है तो इनका सोच भी बेसिर पैर का ही है ।जैसे कुछ सोचते हैं कि बी
21 अक्तूबर 2019
30 अक्तूबर 2019
छठ पूजाशनिवार दो नवम्बर - कार्तिकशुक्ल षष्ठी - छठ पूजा का पावन पर्व – जिसका आरम्भ कल यानी कार्तिक शुक्ल चतुर्थी से ही हो जाएगाऔर सारा वातावरण “हमहूँ अरघिया देबई हे छठी मैया” और “कांच ही बाँस के बहंगियाबहंगी चालकत जाए” जैसे मधुर लोकगीतों से गुंजायमान हो उठेगा | सर्वप्रथम सभी को छठ पूजा की हार्दिक शुभ
30 अक्तूबर 2019
24 अक्तूबर 2019
लक्ष्मीपूजन का मुहूर्तजैसा कि सभी जानते हैं कि दीपावली बुराई, असत्य, अज्ञान, निराशा, निरुत्साह, क्रोध, घृणा तथा अन्य भी अनेक प्रकार के दुर्भावोंरूपी अन्धकार पर सत्कर्म, सत्य, ज्ञान,आशा तथा अन्य अनेकों सद्भावों रूपी प्रकाश की विजय का पर्व है और इस दीपमालिका केप्रमुख दीप हैं सत्कर्म, सत्य, ज्ञान, आशा,
24 अक्तूबर 2019
03 नवम्बर 2019
4 से 10 नवम्बर2019 तक का साप्ताहिकराशिफलनीचे दिया राशिफल चन्द्रमा की राशि परआधारित है और आवश्यक नहीं कि हर किसी के लिए सही ही हो – क्योंकि लगभग सवा दो दिनचन्द्रमा एक राशि में रहता है और उस सवा दो दिनों की अवधि में न जाने कितने लोगोंका जन्म होता है | साथ ही ये फलकथन केवलग्रहों के तात्कालिक गोचर पर आध
03 नवम्बर 2019
28 अक्तूबर 2019
गोवर्धन पूजा, भाई दूज, यम द्वितीया, चित्रगुप्तजयन्तीकल सबने ख़ूब धूमधाम से दीपोत्सव तथा लक्ष्मी पूजन का आयोजन किया | आज यानी दीपावली के अगले दिन –पाँच पर्वों की इस श्रृंखला की चतुर्थ कड़ी है – गोवर्धन पूजा और अन्नकूट | इस त्यौहार का भारतीय लोक जीवन में काफी महत्व है | इसकेपीछे एक कथा प्रसिद्ध है कि ए
28 अक्तूबर 2019
28 अक्तूबर 2019
आस्था और विचारधार का प्रत्येक व्यक्ति का अपना व्यक्तिगत दृष्टिकोण हो सकता है, लेकिन अपनी आस्था और विचारधारा को दूसरे व्यक्ति पर थोपने का प्रयास ग़लत है | इस विषय में डॉ दिनेश शर्मा के लेख. ..आस्था और विचारधाराडॉ दिनेश शर्माहर आदमी की अपनी धार्मिक और राजनीतिक विचारधा
28 अक्तूबर 2019
30 अक्तूबर 2019
शुक्र का वृश्चिक राशि मेंगोचर दीपावलीकी गहमा गहमी समाप्त हुई, अब दो नवम्बर को छठ पूजा का आयोजन होगा, जिसकाआरम्भ कल कार्तिक शुक्ल चतुर्थी से हो जाएगा | सभी को छठ पर्व की हार्दिकशुभकामनाएँ... इसबीच सोमवार 28 अक्तूबर को प्रातःकाल आठ बजकर बत्तीस मिनट के लगभग समस्त सांसारिक सुख, समृद्धि, विवाह, परिवार सु
30 अक्तूबर 2019
22 अक्तूबर 2019
बॉलीवुड में काम करने वाले कई ऐसे सितारे हैं जिनके पार्टनर्स के बारे में आपने शायद ही सुना हो और अगर नाम सुना है तो वे क्या काम करते हैं इससे बिल्कुल अनजान होंगे। अगर बात एक्ट्रेसेस की करें तो उनके पतियों के बारे में भी शायद ही आप जानते हों लेकिन हां कुछ पॉपुलर एक्ट्रेसेस हैं जिनके बारे में आपको पता
22 अक्तूबर 2019
सम्बंधित
लोकप्रिय
आज के प्रमुख लेख
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
डिफ़ॉल्ट कीबोर्ड  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x