विद्यार्थियों के लिये

31 जनवरी 2020   |  डॉ कवि कुमार निर्मल   (378 बार पढ़ा जा चुका है)

विद्यार्थियों के लिये

ओ' मेरे मेधावी-

सात वर्षिय कलाविद्,
हुनर के सागर-

कला के प्रेमी,
विज्ञान के शोधकर्ता,
प्यार के मसिहा- निपुण सुक्ष्म विश्लेषक,
मर्यादाओं की अनन्त सीमा,
अपनी मन पसंद-

दुनिया के मालिक,
ब्रह्माण्ड के विश्व कोष,
विज्ञानं, खगोल, इतिहास,
और आप द्वारा प्रदत्त ज्ञान,
तुम्हारा मनपसंद रंग,
लाल, नीले और काले रंग में रुची,
वीर प्रेमी, झंझावात के प्रेमी,
प्रेतात्माओं के प्रिय,
तिलश्म ओ जादुगरी के दिवाने,
सम्मोहन और उच्चाटन के स्वामी,
अदृष्य सत्तओं के नियंत्रक,
रिपुओं के पालनहार,
खग-आखेटक, बयार के मालिक,
विद्यार्थियों को चाहने वाले,
अपनी माँ-पिता के प्यारे,
बहन के भाई- माँ के बेटे,
पिता के दुलारे,
अपने भाई-बहन के चहेते,
परिवार के प्रिय- केन्द्र,
सबके प्रिय,
उम्र के लिहाजे- चुस्त-दुरुस्त,
मुझे प्रेरणा देने वाले,
टथस्थ, किसी के लिये,
नहीं बदलने वाले सच्चे विद्यार्थि,
अपने गंतव्य के अडिग राही
आगे बढ़, उन्नती पथ के पथिक,
इस दुनिया समान्य राही
पठन पाठन में रम कर
अमर तुम बन- चल पढ़ बढ़
आजीवन, मरते दम तक
अनपढ़ रहा न कोई,
तूं भी कुछ तो पढ़
नभ के पार चल
🙏🙏निर्मल🙏🙏

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