शब्‍द सामर्थ्‍य बढ़ाईए - 14

17 जुलाई 2016   |  डाॅ कंचन पुरी   (175 बार पढ़ा जा चुका है)

शब्‍द सामर्थ्‍य बढ़ाईए - 14

1. झाबर     

क-तालाब   

ख-पोखर   

ग-दलदल    

2. झिल्लड़  

क-पापड़ 

ख-झीना 

ग-झिल्ली   

3. झीमर 

क-मल्लाह 

ख-कीड़ा    

ग-झूमना   

4. झुटुंग        

क-मल्लाह  

ख-भ्रम   

 ग-जटाधारी   


उत्तर

1. ग   2. ख 3. क 4. ग


अगला लेख: व्यक्तित्व निर्माण का मूलाधार



शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
27 जुलाई 2016
1. चलावा      क-विचलित     ख-छलना     ग-रीति       2. चला  क-चलना   ख-बिजली   ग-अस्थिर     3. चवाई   क-निंदक   ख-चपल      ग-चाल      4. चांइयां         क-चहक    ख-चहकना      ग-धूर्त     उत्तर 1. ग   2. ख 3. क 4. ग
27 जुलाई 2016
27 जुलाई 2016
1. चलावा      क-विचलित     ख-छलना     ग-रीति       2. चला  क-चलना   ख-बिजली   ग-अस्थिर     3. चवाई   क-निंदक   ख-चपल      ग-चाल      4. चांइयां         क-चहक    ख-चहकना      ग-धूर्त     उत्तर 1. ग   2. ख 3. क 4. ग
27 जुलाई 2016
09 जुलाई 2016
आज का सुवचन 
09 जुलाई 2016
24 जुलाई 2016
अनेक लोग अपना कार्य बीच में ही छोड़कर बैठ जाते हैं जबकि उन्हें सफलता मिलने वाली होती है। मन में करो या मरो की भावना जाग्रत रखने की भावना इनमें होती तो वे सफलता के शीर्ष पर होते। जो सफलता मिलने के पूर्व ही कार्य छोड़ देते हैं वे कभी आगे नहीं बढ़ सकते हैं। ऐसा उन्हीं के साथ होता है जिनके मन में स्वार्
24 जुलाई 2016
14 जुलाई 2016
आज का सुवचन  
14 जुलाई 2016
26 जुलाई 2016
आज का सुवचन 
26 जुलाई 2016
14 जुलाई 2016
आज का सुवचन  
14 जुलाई 2016
16 जुलाई 2016
व्यक्तित्व का निर्माण मूल रूप से विचारों पर निर्भर है। चिन्तन मन के साथ-साथ शरीर को भी प्रभावित करता है। चिन्तन की उत्कृष्टता को व्यवहार में लाने से ही भावात्मक व सामाजिक सामंजस्य बनता है। हमारे मन की बनावट ऐसी है कि वह चिन्तन के लिए आधार खोजता है। चिन्तन का जैसा माध्यम होगा वैसा ही उसका स्तर होगा।न
16 जुलाई 2016
12 जुलाई 2016
उपयोगी को ग्राह्य कर लेना चाहिए और अनुपयोगी को त्याज्य देना चाहिए। एक बार की बात है कि गांधी जी को किसी युवक द्वारा लिखा एक पत्र मिला जिसमें गांधी जी को बहुत गालियां दी गई थीं।  गांधी जी ने शान्त भाव से तीन पन्नों का पत्र पढ़ा था और उसमें लगी आॅलपिन को निकालकर रख लिया और पत्र फाड़कर रद्दी की टोकरी म
12 जुलाई 2016
30 जुलाई 2016
1. जांगलू         क-पशु        ख-जंगल        ग-जंगली          2. जांगुल     क-जंगली      ख-विष      ग-तेज        3. जाता     क-कन्या      ख-शिशु         ग-बच्चा         4. जित्वर            
30 जुलाई 2016
15 जुलाई 2016
1. तिय     क-छाया  ख-अंधकार  ग-स्त्री    2. तिरिया क-पार होना ख-औरत ग-पत्ते  3. तिरोधान क-अंतर्धान ख-आड़   ग-अपमान   4. तीमार       क-अंधेरा  ख-परछाईं   ग-सेवा  उत्तर 1. ग   2. ख 3. क 4. ग
15 जुलाई 2016
14 जुलाई 2016
1. तीय    क-गीला ख-तीखा ग-औरत   2. तुंगिमा क-मुख ख-ऊंचाई ग-नाभि 3. तुमुल क-कोलाहल, हलचल ख-हल्का  ग-दुर्बल  4. तुर्त-फुर्त      क-घुड़सवार ख-घोड़ी  ग-झटपट, तुरन्त उत्तर 1. ग   2. ख 3. क 4. ग
14 जुलाई 2016
05 जुलाई 2016
हम निज विचारों से ही निज व्यक्तित्व निर्मित करते हैं। यदि हम अपने विचारों को सृजनात्मक व स्फूर्तिमय बना लें तो इससे हम अपना ही निर्माण करेंगे।हमारी इच्छाएं, आवश्यकताएं, भावनाएं और आर्दश हमारे विचार ही तो हैं।विचारों के संयम से ही व्यक्त्वि का संयम होता है। हमारे विचारों की समृद्धि व प्रखरता ही हमारे
05 जुलाई 2016
10 जुलाई 2016
प्रत्येक व्यक्ति अपनी प्रशंसा चाहता है। सही अर्थों में प्रशंसा एक प्रकार का प्रोत्साहन है! प्रशंसा में सृजन की क्षमा होती है। इसलिए प्रशंसा करने का जब भी अवसर मिले उसे व्यक्त करने से नहीं चूकना चाहिए। प्रशंसा करने से प्रशंसक की प्रतिष्ठा बढ़ती है। सभी में गुण व दोष होते हैं। ऐसा नहीं है कि बुरे से ब
10 जुलाई 2016
16 जुलाई 2016
व्यक्तित्व का निर्माण मूल रूप से विचारों पर निर्भर है। चिन्तन मन के साथ-साथ शरीर को भी प्रभावित करता है। चिन्तन की उत्कृष्टता को व्यवहार में लाने से ही भावात्मक व सामाजिक सामंजस्य बनता है। हमारे मन की बनावट ऐसी है कि वह चिन्तन के लिए आधार खोजता है। चिन्तन का जैसा माध्यम होगा वैसा ही उसका स्तर होगा।न
16 जुलाई 2016
19 जुलाई 2016
गुरु शब्द में दो व्यंजन (अक्षर) गु और रु के अर्थ इस प्रकार से हैं- गु शब्द का अर्थ है अज्ञान, जो कि अधिकांश मनुष्यों में होता है ।रु शब्द का अर्थ है, जो अज्ञान का नाश करता है ।अतः गुरु वह है जो मानव जाति के आध्यात्मिक अज्ञान रूपी अंधकार को मिटाते हैं और उसे आध्यात्मिक ज्ञान प्रदान करते हैं । गुरु से
19 जुलाई 2016
09 जुलाई 2016
आज का सुवचन 
09 जुलाई 2016
20 जुलाई 2016
निरंतरता सीखनी चाहिए। जब तक आप कोई संकल्प लेकर उसमें निरंतरता नहीं रखेंगे उसका अच्छा प्रभाव भी नहीं मिलेगा और संकल्प भी अधूरा रह जाएगा। मान लो आपन संकल्प लिया कि कल से मैं प्रतिदिन आधा घंटा व्यायाम करूंगा। आपने अपने संकल्प के अनुसार प्रारम्भ भी कर दिया पर किसी न किसी कारणवश आप नागा करने लगे। ऐसा करन
20 जुलाई 2016
05 जुलाई 2016
मे
नमस्कार दोस्तों, मुंबई मेरे लिए किसी चाय की ग्लास की भांति है | एक मिश्रित संस्कृति एक मिश्रित जीवनशैली | यह मेरा सौभाग्य ही है कि मेरा जन्म इस नगरी में हुआ जिसे सपनो का शहर कहते है | लेखन का कौशल या लेखन मे रूची तो सदैव से ही थी पर इसे कभी जीवनयापन  का साधन भी बनाऊंगा यह सोचा नहीं था | वैसे भी हमने
05 जुलाई 2016
04 जुलाई 2016
बस दलपतपुर आकर रुक गई। सवारियों का आवागमन चरम सीमा पर था। बस ठसाठस भरी थी। लेकिन फिर भी कंडक्टर का आवाज दे-देकर यात्रियों को बुलाना वातावरण में कोलाहल पैदा कर रहा था।  एक बूढ़ी औरत के बस के पायदान पर पैर रखते ही कंडक्टर ने सीटी दे दी। कंपकंपाते हाथों से बुढि़या की पोटली सड़क पर ही गिर पड़ी। ‘रुकके भ
04 जुलाई 2016
14 जुलाई 2016
1. तीय    क-गीला ख-तीखा ग-औरत   2. तुंगिमा क-मुख ख-ऊंचाई ग-नाभि 3. तुमुल क-कोलाहल, हलचल ख-हल्का  ग-दुर्बल  4. तुर्त-फुर्त      क-घुड़सवार ख-घोड़ी  ग-झटपट, तुरन्त उत्तर 1. ग   2. ख 3. क 4. ग
14 जुलाई 2016
13 जुलाई 2016
1. झुठकाना   क-झूठ बोलना ख-गोबरग-भ्रम में डालना  2.झौर क-गन्‍दगी  ख-समूह ग-झटका 3. टल्‍लेबाजी  क-बहानेबाजी   ख-कीड़ा ग-झूमना 4. टसुआ     क-टेसू के फूल ख-भारी वस्तु  ग-आंसू  उत्तर 1. ग   2. ख 3. क 4. ग
13 जुलाई 2016
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
डिफ़ॉल्ट कीबोर्ड  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x