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अब चारों तरफ है इसका शोर

13 अगस्त 2016   |  मांडवी

prisma image 

प्रिसमा! प्रिसमा! प्रिसमा! चारों तरफ इन्टरनेट पर इसका शोर है। फेसबुकऔर ट्विटर जैसे सोशल नेटवर्क साइट्स पर इसकी चर्चा ज़ोर शोर से चल रही है।

इस ऐप के माध्यम से आप अपनी शक्ल को एक सुन्दर छवि का रूप दे सकते हैं।

किसी चित्रकार से रची तस्वीर के सामान आपकी छवि भी सौंदर्य प्राप्त करेगी।

पर ये सिर्फ एक तस्वीर नहीं, ये आपके जज़्बातों को भी एक सुन्दर रूप देता है।

आप को ये आत्मा-संतुष्टि देता है, आप खुद पर खुश होते हैं, ये आपको अपने पसंदीदा कॉमिक करैक्टर की तरह दिखने का मौका भी देता है, और आपको मोनालिसा की खूबसूरती देता है।

हम सभी चाहते हैं कि कोई हमें मॉडल बना कर हमारा चित्रांकन करे, रंगों से हमें भी सजाया जाय, कैमरे से खींची तस्वीर उसकी बराबरी नहीं कर पाती, और आज प्रिसमा ऐप द्वारा ये चमत्कार सम्भव है।

यह ऐप हमारा आत्मा-विश्वास बढ़ाता है, हमें ख़ूबसूरत महसूस करवाता है, और मानसिक रूप से खुश रखता है। हम खुद पर गर्व महसूस करते हैं।

आर्ट यानी कला के माध्यम से इंसानी दिमाग को बारीकी से बहलाया जा सकता है, कला से प्रशंसा की क्षमता बढ़ती है। हम और भी सम्वेदनशील बनते हैं।

प्रिसमा ऐप में हम चित्रकार भी हैं और दर्शक भी; हम दोनों रूप से कला से जुड़े हुए हैं।

हम खुद अपना चित्र बनाते हैं, उसमें विभिन्न फिल्टर्स द्वारा रंग भरते हैं, और दूसरों के चित्र को भी साइट पर देखते हैं और उनकी प्रशंसा करते हैं।

ये चित्र वैन गोह के चित्र जैसे ही खूबसूरत हैं, और इस प्रकार हमें बताना ज़रूरी है, कि ये महान चित्रकार मानसिक रूप से पीड़ित थे, ये निराश और तनाव के शिकार थे जिसकी वजह से उनकी मौत भी हुयी, पर इसका असर उनके काम पर नहीं था।

कला ने उन्हें जीवित रखा, उनकी कला, और उनके चित्र विश्व भर में आज भी मशहूर हैं।

उन्होंने खुद के कई चित्र बनाये थे, जिनसे हमे पता चलता है, की खुद को कला का हिस्सा बनाना तब भी प्रचलित था। और आज भी सेल्फी खींच कर हम उसी  भावना की संतुष्टि करते हैं।

प्रिसमा के बदौलत अब भी हम वैन गोह के चित्रकारिता की झलक अपने चित्रों में पातें है, और इस कारण हमें ख़ुशी होती है।

इस ख़ुशी से हम तनाव मुक्त होते हैं, दिन में कुछ क्षण शान्ति से बिताते हैं, कला की प्रशंसा करने से हमारे मस्तिष्क के अन्य क्षमताओं में भी बेहतरी नज़र आती है।

 तकनीकी उन्नति के साथ जुड़े रहते हुए भी कला की चर्चा बहुत अच्छी कोशिश है। उम्मीद है, यह ऐप मानसिक रूप से हमें और समाज को स्वस्थ बना रहा है।

https://www.ewellnessexpert.com/hindi_blog/158/prisma-bhavnaaon-ko-sundar-roop-dene-ka-madhyam

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