यहाँ और वहां

19 अगस्त 2016   |  हर्ष वर्धन जोग   (147 बार पढ़ा जा चुका है)

पिछले दिनों एक यूरोपियन महिला का हमारे घर आना हुआ. उन्होंने सुबह 11 बजे होटल का भुगतान कर दिया था और सामान समेट कर होटल मैनेजर के पास जमा कर दिया था. पर वापसी फ्लाइट के लिए एयरपोर्ट रात 11 बजे पहुंचना था. अब लगातार होटल लॉबी में अकेले बैठना भी मुश्किल काम था और टीवी देखना नहीं चाहती थी. तो हमारे निमंत्रण को उन्होंने स्वीकार कर लिया उन्हें लगा की चलो हिन्दुस्तानी घर भी देख लिया जाए और घरेलू खाना भी चख लिया जाए.

खाने की तैयारी बिना मिर्च मसाले के हो गई. खाने में और तो सब ठीक था बस उनका रोटी खाने का ढंग ज़रा अलग लगा. रोटी का एक टुकड़ा तोड़ कर मुंह में डाला और फिर एक चम्मच दाल मुंह में डाल ली. सामान्य तौर पर लगभग सभी फिरंगियों के साथ ऐसा ही है. खैर लंच समाप्त हुआ तो गपशप चालू हो गई. अपनी उम्र उन्होंने 32 बताई और बताया कि अभी शादी नहीं हुई थी. परिवार के बारे में पूछने पर बताया,
- मेरी माँ तलाक शुदा है और हम दोनों याने मेरे भाई को भी माँ ने ही पाला है. हम उस वक्त छोटे ही थे. उसके बाद पिताजी को कभी देखा नहीं. माँ फूलों की एक दूकान चलाती हैं. मेरा भाई अब एक कम्पनी में सेल्स मैनेजर है. पिछले पांच साल से मेरा एक बॉय फ्रेंड भी है शायद अगले साल दोनों शादी पर विचार करेंगे.

परिवार की एक साधारण, सरल और सीमित परिभाषा सुन कर थोड़ा सा अच्छा लगा थोड़ा सा विस्मय हुआ क्यूंकि उसमें बॉय फ्रेंड भी शामिल था. शाम को उन्हें वापिस होटल छोड़ दिया गया और अगले दिन लन्दन पहुँचने की सूचना भी आ गयी.

और यहाँ अगले दिन सुबह सुरेश ने घंटी बजा दी. सुरेश भी शायद 30-32 साल का है. दिन में कहीं और काम करता है और सुबह गाड़ी साफ़ करने आता है. इस बार वो दस दिन बाद आया था. दस दिन की छुट्टी जाने से पहले बता कर भी नहीं गया था.
- साब मैं आ नहीं पाया.
- भई आप बता के भी नहीं गए तो इसलिए हमने दूसरे को बोल दिया था. आज देख लो वो तो गाड़ी कर भी गया है.
- साब उस से में बात कर लूँगा. अभी तो मुझे थोड़ा एडवांस चाहिए साब. 72 और 111 नंबर वालों से भी लेकर आ रहा हूँ साब.
- कैसा एडवांस सुरेश. तुम तो जानते हो हम तो अब रिटायर हो चुके हैं. अब तो पेंशन के इंतज़ार में रहते हैं. पर तुम्हें एडवांस क्यूँ चाहिए?
- साब बीवी हॉस्पिटल में है डिलीवरी हुई है चार दिन पहले इसीलिए तो आ नहीं पाया था.
- ओहो मुबारक हो. पहला बच्चा है ये ?
- साब ये तीसरा है जी. दो लड़कों के बाद लड़की हुई है जी.

एडवांस तो खैर दे दिया सुरेश की शकल देख कर वसूली चाहे होगी या नहीं पता नहीं. पर तब से हमारा इस बात पर आपस में विचार विमर्श हो रहा है की सुरेश और फिरंगी मैडम के विचारों में कितना अंतर है. एक तरफ ये देसी माता-पिता हैं जिनकी कोई रेगुलर आमदन नहीं है ठौर ठिकाना नहीं है. ग़रीबी चेहरे पर साफ़ झलक रही है फिर भी 30-32 साल की उम्र में तीन बच्चे हो गए. बच्चों की शिक्षा कैसे होगी और होगी भी या नहीं, आगे वो क्या नौकरियां करेंगे कुछ पता नहीं. दूसरी ओर है फिरंगी मैडम जिनकी फैमिली में सभी कमा रहे हैं. अभी मैडम और उनका बॉय फ्रेंड 30-32 के हैं और शादी की अभी कोई जल्दी नहीं है.

यहाँ और वहां के विचारों की तुलना करना ठीक भी है या नहीं पता नहीं. पर इस विषय पर बात करते करते पूर्व राष्ट्रपति कलाम साब की कुछ लाइनें दोहरा दें जो बड़े काम की हैं:

If a country is to be corruption free and become a nation of beautiful minds, I strongly feel there are three key societal members who can make a difference. They are the father, the mother and the teacher.


Sketches from Life: यहां और वहां

http://jogharshwardhan.blogspot.com/2016/05/blog-post.html

अगला लेख: Sketches from Life: भूत



शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
22 अगस्त 2016
नैनो का नाम लेते ही कार की याद आ जाती है. सबसे छोटी और सबसे सस्ती कार जो ना अब सस्ती रही और ना छोटी. आजकल बदलाव तो तेजी से आ रहा है चाहे जीवन का कोई भी क्षेत्र हो. पहले चलने वाले बड़े और भारी भरकम टीवी, मोबाइल फ़ोन और कंप्यूटर छोटे, हलके और
22 अगस्त 2016
12 अगस्त 2016
साब जी क्या पूच्छो जी. पक्की नौकरी करी पूरे 36 साल अर पांच साल करी कच्ची. इब तो पेंसन के मजे ले रे जी. नौकरी में हर तरह के दिन देख लिए साब जी उजले भी अर घनेरे भी. बड़े बड़े अफसरान देखे जी दबंग देखे, निकम्मे देखे अर भगवान आपका भला करे जी दो रीजनल मैनजर जो हैं सो देखीं जी लेडीज. मैं आज बता रा जी सबकी
12 अगस्त 2016
11 अगस्त 2016
आज वर्तमान में हमारे देश की सबसे गंभीर समस्या तेजी से पनप रही है वह है तलाक नामक बीमारी ! जो व्यक्ति या नारी इस बीमारी से गुजरा है या गुजर रहा है तलाक नाम सुनते ही खुद अपने आपको दुर्भाग्यशाली समझने लग जायेगा ! आखिर यह समस्या क्यों पनप रही है ! आज क्यों अदालतो में हजारो लाखो इस तरह के केस लंबित पड़े
11 अगस्त 2016
14 अगस्त 2016
पहाड़ ी घुमावदार रास्ता हो और हरे भरे जंगल में से गाड़ी हिचकोले खाती जा रही हो तो बड़ा आनंद आता है. दिल चाहता है की गाड़ी चलती रहे और ऊपर और ऊपर. पर अगर इसी रास्ते से जाकर ऑफिस में हाजिरी लगानी हो तो? फिर तो ना हरियाली दिखती है और ना ही रास्ता पसंद आता है. फिर तो कमर दुखती है, सिर चकराता है और रीजनल मै
14 अगस्त 2016
06 अगस्त 2016
रीजनल ऑफिस के लिए रिसेप्शनिस्ट का इंटरव्यू चल रहा था. .....Sketches from Life: ये ना जाना रीजनल ऑफिस के लिए रिसेप्शनिस्ट का इंटरव्यू चल रहा था. हमारे झुमरी तल्लिय्या रीजन के सर्वे-सर्वा गोयल साब के अलावा एक मैनेजर hrd और एक चीफ मैनेजर भी इंटरव्यू बोर्ड में विराजमान थे. चौथी उम्मीदवार आई मिस प्रीति.
06 अगस्त 2016
04 अगस्त 2016
मोदी सरकार में लोगों ने भ्रष्टाचार की सबसे ज्यादा शिकायतें किस विभाग को लेकर की - नई दिल्ली : इंडिया संवाद ब्यूरोनई दिल्ली : भले केंद्र में नरेन्द्र मोदी की अगुवाई वाली सरकार सिस्टम के तंदुरस्त होने की बात कर रही है लेकिन लोगों की परेशानियां अब भी ज्यों की त्यों बनी हुई हैं। लोकसभा में एक सवाल के ज
04 अगस्त 2016
23 अगस्त 2016
S
दिल्ली से अपने गांव जिबलखाल, जिला पौड़ी गढ़वाल आये कुछ दिन बीत चुके थे. अब तक गांव के भूगोल की भी जानकारी हो गई थी. मसलन मकान के दायीं ओर से नीचे जाने वाली तंग पगडण्डी पानी के स्रोत की तरफ जाती थी. बायीं ओर से खेतों की मुंडेर पर चल कर नीचे नद
23 अगस्त 2016
28 अगस्त 2016
बिज्जू का इंटरव्यू अच्छा हो गया था और अब बस इंटर कॉलेज में नौकरी पक्की ही थी. घरवाले भी खुश और बिज्जू भी. घरवालों को अब लड़की ढूँढने की कसमसाहट होने लगी और उनका बस चलता तो बिज्जू की नौकरी जिस दिन लगती उसी दिन बिज्जू को घोड़ी पर भी चढ़ा दे
28 अगस्त 2016
16 अगस्त 2016
 14 साल की और 21 साल की मेरी दो बहनें आई पीएस और आई ए एस बनना चाहती हैं . सुनकर ही अच्छा लगेगा .लडकियां जब सपने देखती हैं और उन्हें पूरा करने को खुद की और दुनिया की कमज़ोरियों से जीतती हैं तो लगता है अच्छा .बेहतर और सुखद. खासकर राजनीति ,सत्ता और प्रशासन के गलियारे और औरतें .वहां जहाँ औरतें फिलहाल ग्र
16 अगस्त 2016
08 अगस्त 2016
मुसकुरा कर फूल को ,यार पागल कर दिया प्यार ने अपना जिगर ,नाम तेरे कर दिया आस से ना प्यास से ,दूर से ना पास से आँख तुमसे जब मिली ,बात पूरी कर दिया 
08 अगस्त 2016
सम्बंधित
लोकप्रिय
आज के प्रमुख लेख
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
डिफ़ॉल्ट कीबोर्ड  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x