जानिए PV सिंधू के बारे में 10 खास बातें

19 अगस्त 2016   |  प्रतीक सिंह   (645 बार पढ़ा जा चुका है)

जानिए PV सिंधू के बारे में 10 खास बातें - शब्द (shabd.in)

छोड़ो कल की बातें, कल की बात पुरानी
नए दौर में लिखेंगे मिलकर नई कहानी
हम सिंधुस्तानी, हम सिंधुस्तानी…

चीन की दीवार भेद दी! जूता जापानी भी मोजे और मौज, किसी का न रहा!

गुरुवार को पीवी सिंधू ने जापानी खिलाड़ी नोजोमी को सेमीफाइनल में हराकर फाइनल में जगह बनाई . सिंधू पहली भारतीय महिला खिलाड़ी हैं, जो ओलंपिक्स बैडमिंटन के फाइनल में पहुंची थीं . इससे पहले सिंधू ने क्वार्टर फाइनल में बुधवार तड़के चीनी खिलाड़ी वांग यिहान को हरा दिया था. चीन, जापान को हराने के बाद अपना एक और मेडल पक्का समझो गुरु!

फोटो क्रेडिट: reuters

सेमीफाइनल में सिंधू ने नोजोमी को कुछ यूं हराया.

21-19
21-10

नोजोमी को हराने के बाद हाथ मिलाते, मुस्कुराती हुईं सिंधू. फोटो क्रेडिट: REUTERS

क्वॉर्टर फाइनल्स में क्या हुआ था?

हारने वाली 28 साल की वांग यिहान तजुर्बेकार शटलर हैं. 2011 में वो वर्ल्ड चैंपियन थीं और 2012 लंदन ओलंपिक में सिल्वर मेडल जीता था.

रोंगटे खड़े कर देने वाले मुकाबले में सिंधू ने उन्हें 22-20 और 21-19 से हरा दिया.

सिंधू बिना किसी दबाव के खेल रही थीं. पहले गेम में 5-6 बार पिछड़ने के बाद वापसी करते हुए 22-20 से जीता. दूसरे गेम के साइन आउट पलों में चीनी खिलाड़ी लगातार 6 पॉइंट ले गईं, लेकिन गेम निकाला सिंधू ने 21-19 से.

सनसनीखेज़ बैडमिंटन, क्रांतिकारी खेल और करिश्माई अंज़ाम!

सिंधू के बारे में कुछ स्पेशल बातें:


1

पुसरला वेंकट सिंधू भी साइना नेहवाल की तरह हैदराबाद से हैं. उन्होंने महबूब अली से शुरुआती गुर सीखे और फिर पुलेला गोपीचंद की नामी अकेडमी से उनके खेल में जान आई. उस वक्त सिंधू के करियर पर एक प्रोफाइल लिखते हुए अंग्रेजी अखबार ‘द हिंदू’ ने लिखा था-

‘रोज 56 किलोमीटर ट्रैवल करके ये लड़की टाइम पर कोचिंग कैंप पहुंचती है. यह अच्छी बैडमिंटन खिलाड़ी बनने की उसकी इच्छा, मेहनत और कमिटमेंट की झलक है.’


2

गोपीचंद के मुताबिक, सिंधू के खेल की ताकत है, उसका एटीट्यूड और कभी हार न मानने की स्पिरिट. जानकार उनकी ताकत मानते हैं, उनकी लंबाई, अटैकिंग शॉट्स और संयम न खोने की आदत को. इस ओलंपिक में सारे मैच उन्होंने बिना किसी दबाव के खेले हैं. साइना नेहवाल का आखिरी मैच याद कीजिए. पहला सेट वो हार चुकी थीं, दूसरे में मामला करीबी चल रहा था. लेकिन आखिरी पलों में साइना की बॉडी लैंग्वेज से उन पर 121 करोड़ लोगों की उम्मीदों का बोझ महसूस हो रहा था. सिंधू के खेल की सबसे खास बात अब तक यही रही है कि वो दबाव मुक्त होकर खेली हैं.

Photo: Reuters


3

पीवी सिंधू को खेल की स्पिरिट विरासत में मिली. उनके पिता पीवी रमन्ना और मां पी विजया, दोनों वॉलीबॉल के खिलाड़ी रहे हैं. रमन्ना को तो अपने खेल में शानदार प्रदर्शन के लिए साल 2000 में अर्जुन पुरस्कार भी मिल चुका है.

PV सिंधू अपने परिवार और पी गोपीचंद के साथ.


4

पीवी सिंधू बैडमिंटन की कई जूनियर चैंपियनशिप जीत चुकी हैं. अंडर-13 कैटेगरी में उन्होंने पुद्दुचेरी में हुए सबजूनियर सिंगल और डबल टाइटल जीता. अंडर-14 51वें नेशनल स्कूल गेम्स में गोल्ड जीता. 2009 से वो इंटरनेशनल जूनियर टूर्नामेंट में हिस्सा लेने लगीं. 2010 में उन्हें पहली बार भारत की नेशनल टीम में जगह मिली.

Photo: Reuters


5

2013 में जब पीवी सिंधू वर्ल्ड चैंपियनशिप में कांसा ले आईं तो बहुत सारे लोग उन्हें स्टार शटलर साइना नेहवाल के लिए खतरा बताने लगे. दोनों ने एक छत के नीचे, एक कोच से ट्रेनिंग ली है. लेकिन सिंधू अब तक साइना को हरा नहीं पाई हैं. दोनों तीन बार भिड़े हैं. एक बार, सैयद मोदी इंटरनेशनल टूर्नामेंट में और दो बार, इंडियन बैडमिंटन लीग में. तीनों बार साइना जीतीं. हैदराबाद के कुछ खेल पत्रकार कहते हैं कि दोनों खिलाड़ियों के बीच बहुत दोस्ताना रिश्ते नहीं हैं.


6

2014 में सिंधू ने कॉमनवेल्थ गेम्स में कांसा जीता. इसी साल उन्हें पहली बार दुनिया के टॉप-10 महिला बैडमिंटन खिलाड़ियों में जगह मिली.

7

पिछले साल एक इंटरव्यू में सिंधू ने कहा, ‘टॉप-10 में आना भी आसान नहीं होता, लेकिन वहां बने रहना बहुत मुश्किल है. इसके लिए लगातार अच्छा खेलना होता है. जहां तक मेरे वर्ल्ड नंबर एक बनने की बात है, मैं खुद को अभी तीन-चार साल देना चाहूंगी.’

Photo: Reuters


8

सिंधू अपना खेल सुधारने के लिए ट्रेनिंग में जबरदस्त मेहनत करती हैं. उनके करीबी बताते हैं कि पिछले 6 सालों से वह सुबह 4.15 बजे उठ जाती हैं. जब ट्रेनिंग सेशन सबाब पर होता है तो वो हफ्ते में 6 दिन 10-12 घंटे प्रैक्टिस करती हैं.

Photo: Reuters


9

2015 में प्रीमियर बैडमिंटन लीग की नीलामी में उन्हें चेन्नई की फ्रेंचाइजी चेन्नई स्मैशर्स ने करीब 63 लाख रुपयों में खरीदा. मलेशियन दिग्गज ली चोंग वेई और भारत की साइना नेहवाल के बाद वो इस लीग की वो तीसरी सबसे महंगी खिलाड़ी थीं.

Photo: Reuters


10

पीवी सिंधू को बिरयानी बहुत पसंद है. उनका शहर भी उम्दा बिरयानी के लिए मशहूर है. एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा था, ‘मैं हर टाइम बिरयानी नहीं खा सकती (फिटनेस डाइट की वजह से). अपनी डाइट बिगाड़े बिना जब भी मौका मिलता है बिरयानी पेट भरके खाती हूं.’


ओलंपिक के उत्तरार्ध में भारत के वे खिलाड़ी खेल रहे हैं जो सौभाग्य से मीडिया से बने दबाव से दूर रहे या खुद को दूर रखा. उम्मीदें अभी जिंदा हैं मित्रों!

http://www.thelallantop.com/jhamajham/10-things-to-know-about-star-badminton-player-pv-sindhu/

अगला लेख: 'CM अखिलेश, UP पुलिस ने मेरी 5 साल की बच्ची मार दी'



रवि कुमार
20 अगस्त 2016

हमें भारत की बेटी पे नाज़ है . congratulations

शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
20 अगस्त 2016
AddThis Sharing Buttoनई दिल्ली: पीवी सिंधू में ओलंपिक ने शानदार खेल दिखाते हुए देश के लिए सिल्वर मेडल जीता। उनकी निजी जिंदगी की कुछ तस्वीरें...
20 अगस्त 2016
07 अगस्त 2016
P
टाउनहाल मीटिंग में पीएम मोदीओबामा करते रहते हैं टाउनहॉल मीटिंग. आज PM मोदी ने भी की. और एक ऐसी बात कह दी जो कई लोगों के दिमाग को चीरती हुई दिल में उतर गई. दरअसल मोदी ने गौरक्षकों को मीटिंग में टिंचर दे दिया है. उन्होंने गौरक्षा को कारोबार बताया और गौरक्षकों को गुंडा. इसके बाद से ही मोदी जी  की ये बा
07 अगस्त 2016
06 अगस्त 2016
'
दयाशंकर सिंह को पार्टी से निकाल दिया गया है. मायावती पर इन्होंने अपमानजनक टिप्पणी की थी. पहले BJP ने बयान की जानकारी न होने की बात कही थी. फिर दयाशंकर सिंह ने मायावती से माफ़ी मांग ली थी और आत्मसमर्पण की भी पेशकश की थी. पर तब तक देर हो चुकी थी.पूरा ब्यौरा यूं है-यूपी में चुनावी प्रचार की तैयारी में स
06 अगस्त 2016
28 अगस्त 2016
खे
हमारे देश की आबादी १२१ करोड़ और हमने भेजे ओलंपिक में खिलाड़ी ११७ परन्तु पदक मिले २ ।कारण क्या है?यही गम्भीरता से समझने का विषय है।खेल भावना का अभाव मेरे नज़र में पहला कारण है।प्रतिभाओं के प्रोत्साहन का अभाव ,पक्षपातपूर्ण तरीके की चयन प्रक्रिया और राजनीति सब बराबर के दोष
28 अगस्त 2016
20 अगस्त 2016
AddThis Sharing Buttoनई दिल्ली: पीवी सिंधू में ओलंपिक ने शानदार खेल दिखाते हुए देश के लिए सिल्वर मेडल जीता। उनकी निजी जिंदगी की कुछ तस्वीरें...
20 अगस्त 2016
09 अगस्त 2016
<a href="https://www.google.co.in/url?sa=i&amp;rct=j&amp;q=&amp;esrc=s&amp;source=images&amp;cd=&amp;cad=rja&amp;uact=8&amp;ved=0ahUKEwju3ofJqrTOAhUeT48KHWNHDA4QjRwIBw&amp;url=http%3A%2F%2Fwww.english-study-online.com%2Fnewsletters%2Fwriting-and-speaking-english-can-be-confusing&amp;psig=AFQjCNEd
09 अगस्त 2016
05 अगस्त 2016
symbolic image, क्रेडिट: Reutersवजह जो भी हो पर कहीं न कहीं हम अपने आप से कतराते हैं. अपने आप से सवाल करने में. अपने आप को कटघरे में खड़ा करने में. कुछ सवाल हैं जो हम दूसरों से पूछते हैं. क्योंकि हमारे पास जवाब नहीं हैं. और जो लोग हमसे आगे हैं वो जवाब देते नहीं. कभी कभी लगता है कि हमारे जैसे मूढ लोगो
05 अगस्त 2016
22 अगस्त 2016
फिर एक बार अंतर्राष्ट्रीय खेलों में हमारा प्रदर्शन निराशाजनक रहा. एक रजत और एक कांस्य पदक पाकर भारत ने ओलंपिक पदक तालिका में ६७ स्थान पाया है.हर बार की भांति इस मुद्दे पर ख
22 अगस्त 2016
20 अगस्त 2016
नई दिल्ली : आज देश का मूड देखिये, घर-घर, चौराहे-चौराहे... एक अदद गोल्ड की चाह में देश पूरा दिन सारी शाम पसीजता जा रहा था...बेटी सिंधु ने यूं तो कमाल किया पर नही मिला हमे वो मैडल जिसकी दरकार देश को थी ...मोदी जी , सिर्फ एक गोल्ड के लिए तरसती
20 अगस्त 2016
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
अंग्रेजी  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x