हम काल्पनिक कहानियां क्यों पढ़ते हैं?

23 अगस्त 2016   |  मांडवी   (139 बार पढ़ा जा चुका है)

reading fictions

हम अपनी सोच और भावनाओं को पंख देने के लिए काल्पनिक कथा और कहानियां पढ़ते हैं। कल्पना की दुनिया अनोखी होती है; उसका वास्तविक घटना और लोगों से मेल होता भी है, और कभी कभी नहीं भी होता। पर काल्पनिक चरित्र और लोग हमें अकसर प्रभावित करते हैं।

हम उनके साथ जुड़ते हैं, उनसे मेलजोल करते हैं, और देखते ही देखते वे हमारे जीवन का हिस्सा बन जाते हैं।

पर हाल ही में, वै ज्ञान िक माध्यम द्वारा पता चलता है, की काल्पनिक कथा पढ़ने से जज़्बाती रूप से भी आप प्रभावित होते हैं।

कल्पना और उससे जुड़ी घटनाएं हमें भावुक और सहानुभूतिशील बनाती है।

और यही कारण है, कि हिंदी टी वी सीरिअल्स हमें इतना पसन्द आते हैं, और अगर वहां किसी चरित्र को दुःख या तकलीफ होती है, तो उसका अहसास हमें भी होता है।


यूनिवर्सिटी ऑफ़ टोरंटो के डॉ. कैथ ओटले जो मनोरोग विशेषज्ञ हैं, बताते हैं, विस्तार से पढ़ें....

अगला लेख: स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनायें



शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
डिफ़ॉल्ट कीबोर्ड  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x