आज का शब्द (१२)

23 अप्रैल 2015   |  शब्दनगरी संगठन   (251 बार पढ़ा जा चुका है)

आज का शब्द (१२)

विहग :

१- पक्षी


२- तीर, बाण


३- सूर्य


४-चन्द्रमा


प्रयोग : रंग-बिरंगे विहग देखकर बच्चों की खुशी का ठिकाना न रहा I

अगला लेख: आज का शब्द (३)



शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
11 अप्रैल 2015
लब्बोलुआब : १-सारांश, सार, निचोड़, संक्षेप; २-भावार्थ, तात्पर्य; प्रयोग: उन लोगों की पूरी बात का लब्बोलुआब बस यही है कि उन्हें अधिक से अधिक पैसा चाहिए. शनिवार, ११ अप्रैल, 2015
11 अप्रैल 2015
10 अप्रैल 2015
उसकी कमीज़ का कॉलर फटा था, सर से पाँव तक पसीने-पसीने; पादुकाएं, घिसी इतनी कि खीसें काढ़े I चोर निगाहों से इधर-उधर देखा उसने, बिजली के खम्भे तले पड़ी सूखी रोटी पर, छितरा सा भात उठाया I जो टोका उसको, पूछ लिया उससे- "हा s s s छी-छी! क्यों करते हो ऐसा? मेरी आँखों में ऑंखें डाल वो बोला................
10 अप्रैल 2015
11 अप्रैल 2015
पाचक : १- रसोइया, बावर्ची, खानसामा; प्रयोग : हमारा पाचक अत्यंत स्वादिष्ट भोजन बनाता है I २-वह पदार्थ जो खाई हुई चीज़ को पचाता हो या पाचन शक्ति बढ़ाता हो; प्रयोग : प्राकृतिक वस्तुओं से बना अवलेह सर्वोत्तम पाचक होता है I ►'अवलेह' का अर्थ होता है, किसी वस्तु का गाढ़ा लसीला रूप जैसे गाढ़ी औषधि आदि I
11 अप्रैल 2015
सम्बंधित
लोकप्रिय
20 अप्रैल 2015
11 अप्रैल 2015
11 अप्रैल 2015
सा
13 अप्रैल 2015
11 अप्रैल 2015
25 अप्रैल 2015
24 अप्रैल 2015
आज के प्रमुख लेख
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
डिफ़ॉल्ट कीबोर्ड  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x