सम्मान अमर वाणी-2015

06 मई 2015   |  शब्दनगरी संगठन   (104 बार पढ़ा जा चुका है)

सम्मान अमर वाणी-2015

मित्रो,


अखिल भारतीय कवि सम्मलेन में सुप्रसिद्ध कवियों की उपस्थिति में अमर उजाला द्वारा आयोजित रियलिटी शो अतुल माहेश्वरी अमर वाणी--2015 सम्मान समारोह, विगत 03 मई 2015 को शहर के नवोदित कवियों व काव्यपाठ के रसिक श्रोताओं के मध्य काव्यपाठ की बौछारों के साथ संपन्न हुआ I इसमें सर्वश्रेष्ठ कवियों की श्रेणी में विजेता रहे, ज़हीर कानपुरी तथा मोहम्मद नूरैन खान I इस अवसर पर मशहूर शायर वसीम बरेलवी, शकील जमाल, कवि के डी शर्मा हाहाकारी, गीतकार सोम ठाकुर, विष्णु सक्सेना, कवि यशपाल यश, गीतकार अंसार कंबरी, मदन मोहन समर, डॉo श्लेष गौतम, शकील जमाली, हास्य कवि लटूरी सिंह लट्ठ, रामकिशोर वर्मा और कवियत्री अना देहलवी ने अपनी कविताओं से खूब रंग जमाया I प्रतिभागी कवियों में सर्वश्रेष्ठ दोनों कवियों को 11 -11 हज़ार रूपए तथा प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।


मशहूर शायर वसीम बरेलवी की उपस्थिति ने इस अवसर की गरिमा में चार-चाँद लगा दिए। कविता और शायरी की बात करते हुए उन्होने कहा कि...’जिसके अंदर की टूटन और एहसास ने कलम का सहारा ले लिया, वो शायर हो गया। उनका मानना है कि सब्र, आदाब, तहज़ीब, तजुर्बा और खुदा की बंदगी एक शायर के लिए बेहद ज़रूरी हैं।


ज़रा सा क़तरा कहीं आज अगर उभरता है,


समंदरों ही के लहजे में बात करता है I


खुली छतों के दीये कब के बुझ गए होते,


कोई तो है जो हवाओं के पर कतरता है।


शराफ़तों की यहाँ कोई अहमियत ही नहीं,


किसी का कुछ न बिगाड़ो तो कौन डरता है।


ज़मीन की कैसी विक़ालत हो फिर नहीं चलती,


जब आसमान से कोई फैसला उतरता है।


तुम आ गए हो तो फिर कुछ चाँदनी सी बातें हों,


ज़मीन पे चाँद कहाँ रोज़-रोज़ उतरता है।


जनाब वसीम बरेलवी साहब मशहूर शायर होने के साथ-साथ रुहेलखंड विश्वविद्यालय में उर्दू विभाग में प्रोफेसर भी हैं I आपकी कुछ प्रमुख कृतियाँ हैं,'आँखों-आँखों रहे', 'मौसम अंदर-बाहर के', 'तबस्सुमें ग़म', 'आंसू मेरे दामन तेरा', 'मिज़ाज' और 'मेरा क्या' I


चित्र : मशहूर शायर वसीम बरेलवी (बांये) व् शब्दनगरी प्रतिनिधि रजत प्रताप सिंह

अगला लेख: आज का शब्द (१३)



शब्दनगरी पर हो रही अन्य चर्चायें
30 अप्रैल 2015
शब्दनगरी मित्रो, आशा करते हैं कि आपने भी अमर उजाला द्वारा आयोजित रियलिटी शो 'अमरवाणी-2015' हेतु अपनी प्रविष्टि भेजी होगी I आइए श्रेष्ठ कवियों के चयन सम्बन्धी आपको आवश्यक जानकारी दे दें I इस प्रतियोगिता में आज यानि 30 अप्रैल को 24 प्रविष्टियाँ चुनी जाएंगी I 01 मई, 2015 को, दोनों आयु वर्ग में से रियल
30 अप्रैल 2015
25 अप्रैल 2015
नैहर : १- विवाहित स्त्रियों के लिए उनके माता-पिता का घर​ २- मायका, ३- पीहर, ४- मैका, मायका ५- मैहर, ६- प्योसार
25 अप्रैल 2015
24 अप्रैल 2015
कौमुदी : १- चाँदनी २- ज्योत्सना ३- चंद्रप्रभा ४- चन्द्रिका ५- मालती प्रयोग : बर्फ से ढकी, कौमुदी में नहाई घाटी ऐसी चमक रही थी मानो चाँद धरा पर उतर आया हो I
24 अप्रैल 2015
सम्बंधित
लोकप्रिय
आज के प्रमुख लेख
आसान हिन्दी  [?]
तीव्र हिंदी  [?]
ऑनस्क्रीन कीबोर्ड  [?]
हिन्दी टाइपिंग  [?]
डिफ़ॉल्ट कीबोर्ड  [?]

(फोन के लिए विकल्प)
X
1 2 3 र्4 ज्ञ5 त्र6 क्ष7 श्र8 (9 )0 --   =
q w e r t y u i o p [   ]
a s d िfि g h  j k l ; '  \
  z x c  v  b n m ,, .. ?/ एंटर
शिफ्ट                                                         शिफ्ट बैकस्पेस
x