खता

05 फरवरी 2019   |  pradeep   (49 बार पढ़ा जा चुका है)

खता उनकी है आलिम को ये है मालूम,

फिर भी ना जाने क्यूँ ख़ामोश रहा करता है.

बिगड़ने रिश्तों के डर से ज़ुदा ईमान से रहता है,

फिर भी ज़माने में ख़तावार ही रहता है.

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