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जादूगर

9 अक्टूबर 2018

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एक होता है जादूगर और दूसरा जादू।

हाँ तुम जादू हो जादू।

कुछ भी इतना ख़ास पहले नहीं था जितना तुमसे बतियाने के बाद। तुमसे बातें करने पर ऐसा होता था जैसे ख़ुद को ही ख़ुद की ही बातें समझानी हो। पता है, तुम वो जादू हो जो दुनिया के सारे जादूगर सीखना चाहते हैं, पाना चाहते हैं पर सबके बस का नहीं है ये। तुमको जो झेलेगा ना, वो होगा जादूगर कोई। असली वाला जादूगर।


तुमसे प्यार कुछ ऐसा था जैसा हमको सबकुछ अपना फ़ेवरेट मिल जाना। जैसे चिकन के साथ बीयर मिल जाना, जैसे आसमान का समुन्दर में मिल जाना, जैसे तुम्हारा मेरा 'हम' हो जाना।

तुमसे मुलाक़ात का हर वाक़या याद है। किस रास्ते से गए थे और कैसे वापसी हुई। तुमसे बस हाथ भर मिला लेना ख़्वाब पूरे होने जैसा था। सच बोल रहे। पता ही नही चला धड़कन बढ़ी या समय की रफ़्तार, पर जो भी हुआ उस से ख़ूबसूरत कुछ भी नहीं।


पता है जब भी वो पुरानी चैट पढ़ते हैं न, तो कब मुस्कुराते हुए सो जाते हैं ,पता ही नहीं चलता। मूड कैसा भी हो वो ग़ुब्बारे सारी थकान उड़ा ले जाते हैं।


सबकी एक ख़्वाहिश होती है न जो कभी पूरी नहीं होती? हाँ वही वाली ख़्वाहिश ही तो हो तुम। जीना चाहते हैं उस पल को जो इन्बाक्स की दुनिया में गुज़ारा था हमने। पर सबको सबकुछ तो नही मिलता न? तो फिर? ख़ैर


तुम बहुत अच्छी हो! बहुत साफ़ दिल। एकदम pure। किसी को भी प्यार हो जाए तुमसे। तुमसे मिलने से पहले तो ऐसा सोचा भी नहीं था कि ऐसी भी कोई लड़की होगी भला। इतनी प्यारी। इतनी तगड़ी। “कुछ लोगों के साथ वक़्त बिताने पे सब कुछ ठीक हो जाता है! नहीं?” तुम उन चंद लोगों में से हो। हमेशा रहोगी।


वो जो दिन भर तुमसे बतियाने का और तुम्हारे साथ कहीं दूर घूमने जाने का सपना है न वो ज़रूर पूरा होगा। अगले जनम में। देख लेना! Feelings इतनी भी झूठी नहीं थीं। भगवान इतना तो सुनता ही होगा। सुनता तो ज़रूर होगा। मेरी भी सुनेगा।

कभी।

बाक़ी ख़ूब तरक़्क़ी करो। ख़ूब आगे बढ़ो।


बहुत प्रेम हो

है तुमसे। इश्क़ वाला। पगला वाला।


एक होता है जादूगर और दूसरा जादू। हाँ तुम जादू हो जादू।

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